श्रीकृष्ण का जीवन धर्म, निष्काम कर्म और लोककल्याण की शाश्वत प्रेरणा- डॉ शैलेश सिंह
डीग (नीरज जैन) जलमहलों की नगरी डीग के मुख्य बाजार स्थित लक्ष्मण मंदिर परिसर में शुक्रवार को भक्ति, आस्था और सनातन संस्कृति की त्रिवेणी प्रवाहित हुई। श्री बृज लठावन धाम रामलीला महोत्सव समिति के तत्वावधान में आयोजित श्रीकृष्ण लीला एवं भक्त चरितामृत लीला महोत्सव का शुभारंभ डीग-कुम्हेर विधायक डॉ. शैलेश सिंह के मुख्य आतिथ्य में हुआ। पंडित जितेंद्र पाराशर और आचार्य गणेश दत्त पाराशर ने विधि-विधान से पूजा-अर्चना कर लीला का श्रीगणेश कराया।
मुख्य अतिथि विधायक डॉ. शैलेश सिंह ने कहा कि भगवान श्रीकृष्ण की लीलाओं का मंचन धार्मिक एवं सांस्कृतिक परंपराओं को जीवंत रखने की सराहनीय पहल है। श्रीकृष्ण का जीवन धर्म की स्थापना, कर्तव्यपालन और निष्काम कर्म का अनुपम संदेश देता है। उनके आदर्श मनुष्य को सत्य के मार्ग पर चलने, अपने दायित्वों का निर्वहन करने और लोककल्याण के लिए समर्पित रहने की प्रेरणा देते हैं।
उन्होंने कहा कि ऐसे धार्मिक आयोजन सनातन संस्कृति की अमूल्य विरासत को सहेजने के साथ नई पीढ़ी को अपने संस्कारों और आध्यात्मिक मूल्यों से जोड़ने का माध्यम बनते हैं। धार्मिक परंपराओं का संरक्षण और उनका अगली पीढ़ी तक हस्तांतरण समाज की सामूहिक जिम्मेदारी है।
- श्रीकृष्ण का चरित्र नैतिक मूल्यों का मार्गदर्शक - अर्पित गुप्ता
कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए नगर परिषद सभापति अर्पित गुप्ता ने कहा कि भगवान श्रीकृष्ण का चरित्र धर्म, संस्कृति और नैतिक मूल्यों का जीवंत मार्गदर्शन करता है। उनके जीवन से सत्य, कर्तव्य और धर्म के पथ पर अडिग रहने की प्रेरणा मिलती है।
वरिष्ठ भाजपा नेता अमरनाथ गुप्ता ने कहा कि धार्मिक एवं सांस्कृतिक आयोजन भारतीय परंपराओं के संरक्षण के साथ नई पीढ़ी को अपनी आध्यात्मिक विरासत से जोड़ने का महत्वपूर्ण अवसर प्रदान करते हैं।
इस अवसर पर समिति के मुख्य संरक्षक एवं लक्ष्मण मंदिर के महंत पंडित मुरारी लाल पाराशर, अनिल कुमार गुप्ता, पंकज भूषण गोयल, पवन भारद्वाज, इंद्रमोहन शर्मा पाराशर, काव्य पाराशर, मनोज बीडी वाले, सभासद रघुवीर सोनी, मुकेश भारद्वाज और पूर्व पार्षद सोमनाथ गुप्ता सहित अन्य गणमान्य लोग मौजूद रहे। कार्यक्रम का संचालन साहित्यकार सोहन लाल शर्मा ‘प्रेम’ ने किया।

