गृह राज्य मंत्री आरएसी जवानों से सम्पर्क सभा में हुए रुबरु

*प्रदेश को अपराध मुक्त बनाकर विकास पथ पर लाने में आरएसी की महत्ती भूमिका: बेढ़म*
भरतपुर, 10 जनवरी। गृह, गौपालन, डेयरी एवं मत्स्य राज्य मंत्री जवाहर सिंह बेढ़म ने सातवीं आरएसी बटालियन मुख्यालय में सम्पर्क सभा में आरएसी के जवानों से संवाद किया तथा आर्म्स फोर्स की महत्ता बताते हुए जवानों को प्रदेश को अपराध मुक्त बनाने में सक्रियता से भागीदार बनने का आहृवान किया।
गृह राज्य मंत्री ने कहा कि मुख्यमंत्री जी की मंशानुरूप प्रदेश को अपराध मुक्त बनाकर विकास के पथ पर तेजी से आगे बढ़ाना है, इसमें आरएसी जवानों की महती भूमिका है। उन्होंने कहा कि आरएसी का गौरवशाली इतिहास रहा है, प्रदेश में शांति कानून व्यवस्था बनाये रखने से लेकर विषम परिस्थितियों में भी ड्यूटी निर्वहन कर जवानों ने इसका मान बढ़ाया है। उन्होंने कहा कि पुलिस एवं आरएसी जवानों को सुविधाओं एवं संसाधनों के मामले में कमी नहीं रहने दी जायेगी, सरकार प्रत्येक जवान के साथ हमेशा खड़ी रहेगी।
कमाण्डेंट गणपत महावर ने स्वागत करते हुए सातवीं बटालियन की उपलब्धियों के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने बटालियन के लिए वर्तमान में आवंटित भूमि को कम बताते हुए क्षेत्रफल बढ़ाने की मांग की जिससे प्रशिक्षण व अन्य नियमित गतिविधियां आयोजित की जा सकें। उन्होंने वर्दी पैटर्न में बदलाव, पुलिस एवं आरएसी के जवानों के विशेष अभियान में ड्यूटी के दौरान आवास आदि व्यवस्था में समानता लाने का सुझाव दिया। उन्होंने बटालियन के मुख्यालय के भवन निर्माण हेतु राज्य सरकार को 13 करोड़ रूपये के भिजवाये गये प्रस्ताव को स्वीकृत कराने की मांग की।
जिला पुलिस अधीक्षक मृदुल कच्छावा ने जवानों का उत्साहवर्धन करते हुए इस प्रकार की सम्पर्क सभा के माध्यम से समस्या निराकरण को सराहनीय पहल बताया। उन्होंने गृह राज्य मंत्री से पुलिस लाइन में भी जवानों के साथ सम्पर्क सभा के लिए आमंत्रित किया।
*जवानों से किया सीधा संवाद*
सम्पर्क सभा में गृह राज्य मंत्री ने जवानों से सीधा संवाद करते हुए उन्हें ड्यूटी के दौरान दी जा रही सुविधाओं की जानकारी लेकर समस्याओं के बारे मंे फीडबैक लिया। जवानों ने अन्य राज्यों एवं अर्द्धसैनिक बलों की तर्ज पर वर्दी पैटर्न में बदलाव कर पुलिस बल में भी प्रतिनियुक्ति की प्रक्रिया के सरलीकरण की मांग की। महिला जवान ने खेल गतिविधियों को बढ़ावा देने तथा पर्वतारोहण के लिए आवश्यक फंड उपलब्ध करवाने की मांग की। जवान ने अन्य सम्भाग मुख्यालयों की भांति एचआरए में समानता करने की मांग की। गृह मंत्री ने जवानों की समस्याओं को संवेदनशीलता से सुनकर आश्वस्त किया कि सरकार के स्तर पर गम्भीरता से विचार कर समस्याओं का समाधान कराया जायेगा। इस अवसर पर डिप्टी कमाण्डेंट हरजी लाल, आरएसी सातवीं बटालियन के अधिकारीगण एवं बड़ी संख्या में जवान उपस्थित रहे।






