लक्ष्मणगढ़ में स्वच्छता के दावों की पोल खोलता सामुदायिक शौचालय: 5 साल से नहीं खुला ताला, जनता परेशान
लक्ष्मणगढ़ (अलवर) कमलेश जैन
एक तरफ सरकार और प्रशासन स्वच्छता को बढ़ावा देने के लिए पानी की तरह पैसा बहा रहे हैं और जगह-जगह सार्वजनिक शौचालयों का निर्माण करवा रहे हैं, वहीं दूसरी ओर लक्ष्मणगढ़ कस्बे में लाखों रुपये की लागत से बना सामुदायिक शौचालय पिछले पांच वर्षों से ताले में कैद है। ग्राम पंचायत से नगर पालिका में क्रमोन्नत होने के बावजूद इस शौचालय की सुध नहीं ली गई है, जिससे आमजन को इसका कोई लाभ नहीं मिल रहा है।
कठूमर रोड पर स्थित है शौचालय
कठूमर रोड पर स्थित ‘अलवर सेंट्रल कोऑपरेटिव बैंक लिमिटेड’ के पास ग्राम पंचायत द्वारा पूर्व में लाखों रुपये खर्च कर इस सामुदायिक शौचालय का निर्माण कराया गया था। सड़क किनारे बने होने के कारण इसक पास से लगातार प्राइवेट बसों और ग्रामीण क्षेत्रों के लिए टेम्पो का आवागमन रहता है। बाजार में आने वाले यात्रियों और खासकर दूर-दराज से आने वाली महिला सवारियों को शौचालय बंद होने के कारण भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ता है।
ग्रामीणों और दुकानदारों में रोष
स्थानीय दुकानदारों और ग्रामीणों में रमेश चंद्र सहित अन्य लोगों ने रोष प्रकट करते हुए बताया कि जब इस शौचालय को जनता के लिए खोलना ही नहीं था, तो इस पर लाखों रुपये क्यों बर्बाद किए गए? बाजार में रोजाना हजारों लोग आते हैं, लेकिन शौचालय पर ताला लटका होने के कारण वे इसका उपयोग नहीं कर पा रहे हैं।
ग्रामीणों ने नगर पालिका प्रशासन से मांग की है कि इस सामुदायिक शौचालय की देखरेख के लिए मानदेय पर किसी कर्मचारी (महिला) का चयन किया जाए और इसे जल्द से जल्द सुचारू रूप से शुरू किया जाए, ताकि जनता को राहत मिल सके।

