आंगनबाड़ी केंद्र के भवन की हालत जर्जर एवं दयनीय अभिभावक में बच्चे भयभीत, कहीं भवन ना गिर जाए
अलवर जिले के समीप किशनगढ़ बास पंचायत समिति किशनगढ़ बास के ग्राम खेड़ला में राजकीय उच्च प्राथमिक विद्यालय परिसर में संचालित आंगनबाड़ी केंद्र के भवन की हालत जर्जर एवं दयनीय होने के कारण आंगनवाड़ी में नामांकित बालकों के अभिभावकों नें बच्चों को आंगनबाड़ी केंद्र में जाने से रोक दिया है। बच्चों के अभिभावकों ने बताया कि आंगनबाड़ी केंद्र में पानी भरने से आई सीलन व भवन की नींव में पानी बैठने के कारण भवन के गिरने की संभावना बनी हुई है जिसके कारण वह भयभीत हैं कि कहीं बच्चे भवन में बैठने के बाद कोई अनहोनी घटना न घट जाए।
वहीं आंगनवाड़ी कार्यकर्ता ने भवन में अनहोनी घटना घटित होने की संभावना को देखते हुए बच्चों को भवन में ना बिठाकर अपने घर पर ही बिठाने शुरू कर दिया है क्योंकि इसके अलावा गांव में कोई और सरकारी भवन उपलब्ध नहीं है।
कार्यकर्ता कृष्णा देवी ने बताया कि आंगनवाड़ी सुपरवाइजर ने मौखिक रूप से बच्चों को आंगनबाड़ी भवन में ना बिठाकर उसके घर पर बैठने के लिए आदेशित किया है।
वही बच्चों के अभिभावकों नें नाराजगी जताते हुए बताया कि आंगनवाड़ी भवन जर्जर अवस्था में है तथा विभाग द्वारा कोई स्थाई भवन नहीं बनाया गया है जिसके चलते वह मजबूरन जर्जर भवन में बच्चों को भेजने पर मजबूर हैं। अभिभावकों ने शीघ्र ही आंगनबाड़ी भवन बनाए जाने की मांग की है आंगनवाड़ी भवन नहीं बनाए जाने तक वह बच्चों को सरकारी भवन में नहीं भेजेंगे।
इनका कहना है -
बीना गुप्ता महिला एवं बाल विकास अधिकारी किशनगढ़ बास - आंगनबाड़ी केंद्र को खाली कर दिया गया है, इसके अलावा गांव में और कोई सरकारी भवन नहीं है जिसके कारण आंगनवाड़ी के बच्चों को कार्यकर्ता के घर पर ही बैठने के लिए आदेशित किया गया है। विभाग की ओर से भवन बनाने हेतु बजट आवंटित किया जाता है जैसे ही ग्राम पंचायत भवन की जगह उपलब्ध कराकर निक पट्टा जारी कर देगी तो बजट के लिए विभाग को पत्र लिखा जाएग।
संतोष कुमारी शिक्षिका राजकीय उच्च प्राथमिक विद्यालय खेड़ला - राजकीय उच्च प्राथमिक विद्यालय के भवन में संचालित आंगनबाड़ी केंद्र भवन 40 साल पुराना है जो काफी नीचा है, बरसात आते ही पानी भवन में भर जाता है जिसके चलते भवन में पूरी तरह से सीलन आई हुई है। आंगनवाड़ी भवन में बरसात का पानी नींव में भर रहा है, भवन की छत से मसाला गिर रहा है। जिसके कारण भवन में आंगनबाड़ी केंद्र के नामांकित बच्चों को बिठाना खतरे से खाली नहीं है। भवन में पानी भरने के कारण हुए जर्जर स्थिति के लिए विभाग से कई बार पत्राचार किया गया है लेकिन आज तक कोई कार्रवाई नहीं हो पाई है।
- अनिल गुप्ता


