ग्राम उत्थान शिविर से मिली नई राह, सूक्ष्म सिंचाई योजना बनी आत्मनिर्भरता का आधार
भरतपुर (कौशलेन्द्र दत्तात्रेय) ग्राम सालिमपुर, ग्राम पंचायत बरौलीछार निवासी रूपसिंह चौधरी पुत्र हरिसिंह की कहानी यह दर्शाती है कि केंद्र और राज्य सरकार की जनकल्याणकारी योजनाएँ किस प्रकार आम नागरिक के जीवन में सकारात्मक बदलाव ला रही हैं। रूपसिंह चौधरी उद्यान विभाग की योजनाओं के अंतर्गत प्रधानमंत्री सूक्ष्म सिंचाई योजना का लाभ लेकर अपने उद्यान कार्य को आगे बढ़ाना चाहते थे, ताकि वे अपनी आर्थिक स्थिति को सुदृढ़ कर सकें।
इस उद्देश्य से उन्होंने ग्राम पंचायत कार्यालय में संपर्क किया, जहाँ उन्हें जानकारी दी गई कि ग्राम उत्थान शिविर के अंतर्गत 23 जनवरी शुक्रवार को ग्राम पंचायत स्तर पर शिविर का आयोजन किया गया जिसमें प्रधानमंत्री सूक्ष्म सिंचाई योजना के पंजीयन किए गए। समय पर जानकारी मिलने पर रूपसिंह चौधरी ने ग्राम पंचायत कार्यालय में आवेदन किया।
ग्राम उत्थान शिविर के दौरान 23 जनवरी को ग्राम पंचायत द्वारा उन्हें पट्टा प्रदान किया गया, जिससे अब वे उद्यान से संबंधित नया कार्य प्रारंभ कर सकेंगे। इस उपलब्धि से उन्हें न केवल आत्मविश्वास मिला, बल्कि भविष्य में आय के नए स्रोत भी सुनिश्चित हुए हैं। रूपसिंह चौधरी ने इस अवसर पर कहा कि राजस्थान सरकार द्वारा संचालित योजनाएँ ग्रामीणों के लिए अत्यंत लाभकारी सिद्ध हो रही हैं। उन्होंने प्रधानमंत्री सूक्ष्म सिंचाई योजना जैसी महत्वाकांक्षी योजना के लिए माननीय प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी, राज्य सरकार एवं जनकल्याणकारी प्रयासों के लिए माननीय मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि वे इस सहयोग के लिए सदैव आभारी रहेंगे। उन्होंने कहा कि यह ग्राम उत्थान शिविरों की प्रभावशीलता और सरकार की मंशा को स्पष्ट रूप से दर्शाती है, जो अंतिम पंक्ति के व्यक्ति तक विकास का लाभ पहुँचाने के लिए सतत प्रयासरत है।