नाबार्ड के सहयोग से आयोजित 15 दिवसीय सूक्ष्म उद्यम विकास कार्यक्रम का हुआ समापन; 30 महिलाओं को बांटे प्रमाण-पत्र
खैरथल (हीरालाल भूरानी) राष्ट्रीय कृषि एवं ग्रामीण विकास बैंक (नाबार्ड) के सहयोग से आयोजित 15 दिवसीय मसाला प्रसंस्करण विषयक सूक्ष्म उद्यम विकास कार्यक्रम का शुक्रवार को समापन हो गया। कार्यक्रम का आयोजन श्री हरे कृष्ण शिक्षा एवं सेवा संस्थान द्वारा किया गया, जिसमें 30 महिलाओं एवं स्वयं सहायता समूहों की सदस्यों को मसाला प्रसंस्करण, पैकेजिंग और विपणन का व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया गया।
प्रशिक्षण के दौरान प्रतिभागियों को आधुनिक प्रसंस्करण तकनीक, गुणवत्ता नियंत्रण, पैकेजिंग और बाजार आधारित उत्पादन की जानकारी दी गई। कार्यक्रम का उद्देश्य महिलाओं को स्वरोजगार के लिए सक्षम बनाते हुए ग्रामीण क्षेत्रों में सूक्ष्म उद्यमों को बढ़ावा देना रहा।
समापन समारोह में नाबार्ड के जिला विकास प्रबंधक दीपक जाखड़ ने मूल्य संवर्धन, गुणवत्ता मानकीकरण और बाजार उन्मुख उत्पादन के महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने प्रतिभागियों को किसान उत्पादक संगठनों (एफपीओ) तथा नाबार्ड की योजनाओं का लाभ उठाकर अपने उद्यमों का विस्तार करने के लिए प्रेरित किया।
अग्रणी जिला प्रबंधक एमएन. मीणा ने प्रधानमंत्री सूक्ष्म खाद्य उद्योग उन्नयन योजना के तहत उपलब्ध ऋण एवं वित्तीय सहायता की जानकारी दी। कार्यक्रम में प्रतिभागियों को प्रमाण-पत्र वितरित किए गए। विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर पंचायत भवन परिसर में पौधरोपण कर पर्यावरण संरक्षण का संदेश भी दिया गया।


