जनता के कार्यों में लापरवाही कतई स्वीकार नहीं, अधिकारी समस्याओं की जड़ तक जाकर सुनिश्चित करें समाधान: उपमुख्यमंत्री दीया कुमारी
अजमेर (राजस्थान) उपमुख्यमंत्री श्रीमती दीया कुमारी ने जिला कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजित जिला स्तरीय समीक्षा बैठक के दौरान अधिकारियों की कार्यप्रणाली पर कड़ा रुख अपनाया है। उन्होंने अधिकारियों को दो टूक शब्दों में चेतावनी देते हुए कहा कि आमजन से जुड़े कार्यों और समस्याओं के निस्तारण में किसी भी प्रकार की शिथिलता या लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। सभी अधिकारी पूरी जवाबदेही और संवेदनशीलता के साथ जनता के प्रति अपने कर्तव्यों का निर्वाह करें।
एक दिवसीय दौरे पर अजमेर पहुंचीं उपमुख्यमंत्री ने जिला कलेक्टर सभागार में क्षेत्र के जनप्रतिनिधियों एवं विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक की। बैठक में जिले में संचालित राज्य सरकार की फ्लैगशिप योजनाओं, पेयजल-बिजली की वर्तमान स्थिति, लंबित विकास परियोजनाओं और आगामी मानसून की तैयारियों की विस्तृत समीक्षा की गई।
समीक्षा के दौरान बैठक में मौजूद जनप्रतिनिधियों ने पानी, बिजली, सफाई, सड़क और स्थानीय स्तर पर अटके विकास कार्यों को लेकर अधिकारियों की उदासीनता पर गंभीर चिंता व्यक्त की। जनप्रतिनिधियों की शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए उपमुख्यमंत्री ने अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए कि वे केवल कागजी खानापूर्ति करने के बजाय समस्याओं के मूल कारणों (जड़) तक जाएं और उनका स्थायी समाधान सुनिश्चित करें। काम किस स्तर पर अटका है, इसकी पहचान कर उसे जल्द पूरा करने के कदम उठाए जाएं।
समीक्षा बैठक के मुख्य निर्णय एवं निर्देश:
- बिजली-पानी की सुचारू आपूर्ति: वर्तमान भीषण गर्मी के मौसम को देखते हुए पेयजल और विद्युत आपूर्ति व्यवस्था पर विशेष सतर्कता बरतने तथा आमजन को समय पर सुचारू आपूर्ति सुनिश्चित करने के निर्देश।
- मानसून एवं आपदा प्रबंधन: आगामी मानसून सत्र के मद्देनजर सभी प्रशासनिक तैयारियों को समय रहते पूरा करने, संभावित चुनौतियों से निपटने और आपदा प्रबंधन तंत्र को अलर्ट मोड पर रखने की हिदायत।
- अटकी परियोजनाओं की राज्य स्तर पर मॉनिटरिंग: जिले के जो विकास कार्य या फाइलें राज्य स्तर पर समन्वय या वित्तीय स्वीकृति के अभाव में लंबित हैं, उन्हें चिन्हित कर प्राथमिकता के आधार पर आगे बढ़ाया जाएगा ताकि कार्य समय सीमा में पूरे हो सकें।
इससे पूर्व, उपमुख्यमंत्री दीया कुमारी ने तीर्थराज पुष्कर में आयोजित 10 दिवसीय 'वंदे गंगा' जल संरक्षण जन अभियान के समापन समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में भाग लिया। अभियान की सफलता पर संतोष व्यक्त करते हुए उन्होंने कहा कि प्रदेशभर में जल स्रोतों की सफाई, पुनरुद्धार और जल संचयन के प्रति जन-जागरूकता बढ़ाने में यह अभियान अत्यंत प्रभावी रहा है। उन्होंने आह्वान किया कि भविष्य के लिए पानी बचाना और जल स्रोतों का संरक्षण करना हम सभी की सामूहिक सामाजिक जिम्मेदारी है।
उपमुख्यमंत्री ने आश्वस्त किया कि राज्य सरकार अजमेर जिले सहित पूरे प्रदेश में बुनियादी सुविधाओं के सुदृढ़ीकरण और जनकल्याणकारी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन को लेकर निरंतर मॉनिटरिंग करती रहेगी। आमजन की समस्याओं का समाधान सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। बैठक में जल संसाधन मंत्री सुरेश सिंह रावत, देवनारायण बोर्ड के अध्यक्ष ओमप्रकाश भडाणा, अजमेर दक्षिण की विधायक श्रीमती अनिता भदेल सहित विभिन्न विभागों के संभागीय व जिला स्तरीय वरिष्ठ अधिकारी और प्रशासनिक अधिकारी उपस्थित रहे।


