लुपिन ह्यूमन वैलफेयर एण्ड रिसर्च फाउण्डेशन, अलवर रीस्टोर प्रोेटेक्ट कन्ज़र्व फोरेस्ट एण्ड ट्री कवर फॉर एनडीसी इम्लीमेन्टैन्टेशन इन इण्डिया जीआईजेड और लुपिन के मध्य कार्य हेतु किया समझौता

Aug 26, 2025 - 15:28
 0
लुपिन ह्यूमन वैलफेयर एण्ड रिसर्च फाउण्डेशन, अलवर रीस्टोर प्रोेटेक्ट कन्ज़र्व फोरेस्ट एण्ड ट्री कवर फॉर एनडीसी इम्लीमेन्टैन्टेशन इन इण्डिया जीआईजेड और लुपिन के मध्य कार्य हेतु किया समझौता

अलवर (अनिल गुप्ता)

लुपिन फाउण्डेशन द्वारा संचालित की जा रही एबल परियोजना के तहत होटल अलवर रॉयल में कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में जर्मन दूतावास के मुख्य कार्यक्रम पर्यावरण अधिकारी तायना डीकॉफ, रीकेप फॉर एनडीसी के परियोजना निदेशक डॉ0 अलहैण्ड्रो, जीआईजेड के परियोजना उपनिदेशक कुन्डल बर्नवॉल, सलाहकार डॉ0 नेमित वर्मा, सौरभ व मिथलेश, लुपिन फाउण्डेशन की सीएसआर प्रमुख तुषारा शंकर, लाईवलीहुड प्रमुख योगेश राउत, स्टेट हैड वेदप्रकाश शर्मा, अनिल गुप्ता उपस्थित थे। सभी अतिथियों का माल्यार्पण द्वारा सम्मान किया गया। इस अवसर पर लुपिन फाउण्डेशन एवं जीआईजेड के मध्य रीकेप फोर एनडीसी परियोजना के अन्तर्गत जिले में कार्य करने हेतु एमओयू पर हस्ताक्षर किये गये। प्रारम्भ में लुपिन फाउण्डेशन के लाईवलीहुड प्रमुख योगेश राउत ने संस्था द्वारा धुले एवं अलवर जिले में संचालित की जा रही एबल परियोजना के बारे में पॉवरपॉईन्ट प्रजेन्टेशन के माध्यम से विस्तारपूर्वक जानकारी प्रदान की। उन्होंने कहा कि संस्था अलवर के 56 गॉवों में कृषि, पशुपालन के क्षेत्र में कार्य कर रही है जिससे क्षेत्र के 10 हजार किसानों को लाभ मिल रहा है। उन्होंने संस्था की एबल परियोजना के अन्तर्गत जल उपयोग दक्षता, मृदा स्वास्थ्य, उत्पादकता, विपणन एवं पशु स्वास्थ्य गतिविधियों की विस्तारपूर्वक जानकारी दी। उन्होंने कहा कि संस्था द्वारा दिये जा रहे विभिन्न प्रशिक्षणों के माध्यम से किसानों की आय में 25 प्रतिशत तक वृद्धि करने का लक्ष्य है।

कार्यक्रम में जीआईजेड के परियोेजना उपनिदेशक कुन्डल बर्नवॉल ने रीकेप फोर एनडीसी परियोजना एवं कार्यों के बारे में विस्तारपूर्वक जानकारी प्रदान की। इस अवसर पर जीआईजेड की रीकेप फोर एनडीसी के परियोजना निदेशक डॉ0 अलहैण्ड्रो ने कहा कि वह लुपिन फाउण्डेशन के साथ मिलकर छोटी-छोटी परियोजनाओं के माध्यम से कार्यक्रम प्रारम्भ करेंगे जिससे क्षेत्र के किसानों को कृषि एवं पशुपालन की नवीन तकनीक एवं कृषि क्रियाओं की जानकारी उपलब्ध हो सकेगी एवं वह अपनी फसलों में इन कृषि क्रियाओं से लाभ प्राप्त कर सकेंगे। उन्होंने जंगल, वृक्ष एवं मानव जाति के आपसी तालमेल के बारे में बताया।    साथ ही उन्होंने बताया कि जर्मन सरकार जर्मनी में जंगलों को बचाने के लिये बहुत कार्य कर रही है एवं लक्षी उद्योग के माध्यम से आजीविका के सराहनीय कार्य कर रही है। हमें भी भारत में इस तरह के कार्यों को बढ़ाना चाहिए। ये परियोजना अन्तर्राष्ट्रीय क्लाईमेट इनीसियेटिव के मुख्य पार्ट हैं। ये परियोजनायें इको-सिस्टम को ठीक करने में सहायक होगी। भारत में अलवर एवं धुले में इस परियोजना के भविष्य में सकारात्मक परिणाम नजर आयेंगे। उन्होंने भारत और जर्मनी दोनों की साझेदारी पर जोर देते हुये कहा कि दोनों का दृष्टिकोण वनों पर आधारित है। उन्होंने फील्ड में संचालित कार्यों से सीख ली और पाया कि किस तरह से समुदाय की जिम्मेदारी और सतत् प्रयासों से आजीविका प्रभावित हुई है। उन्होंने लुपिन फाउण्डेशन का धन्यवाद ज्ञापित किया। 
कार्यक्रम में इण्डो-जर्मन बिलाट्रल कोरपोरेशन के हैड ऑफ डिविजन श्रीमती तायना डीकॉफ ने कहा कि वह संस्था द्वारा संचालित कार्यक्रमों से जानकारी प्राप्त कर जर्मनी में भी इन कार्यक्रमों को प्रारम्भ करेंगी जिससे वहां के किसानों को भी जानकारी एवं लाभ प्राप्त होगा। इस अवसर पर उन्होंने मालाखेड़ा के गॉव रतनगढ़ में लुपिन फाउण्डेशन द्वारा संचालित कृषि एवं पशुपालन गतिविधियों के विभिन्न प्रदर्शनों का अवलोकन किया एवं संचालित कार्यक्रमों की सराहना की। इस अवसर पर जीआईजैड के सलाहकार सौरभ एवं मिथलेश ने भी अपने विचार व्यक्त किये। 
कार्यक्रम में लुपिन फाउण्डेशन की सीएसआर प्रमुख श्रीमती तुषारा शंकर ने सभी अतिथियों का संस्था की ओर से धन्यवाद किया एवं संस्था के मिशन एवं विजन के बारे में विस्तारपूर्वक जानकारी प्रदान की। उन्होंने कहा कि लुपिन फाउण्डेशन एवं जीआईजेड दोनों साथ मिलकर कार्य करेंगे तो क्षेत्र के किसानों एवं आमजन को अधिक लाभ मिलेगा एवं उनके जीवन स्तर में सुधार एवं वृद्धि होगी। उन्होंने सभी किसानों से आह्वान किया कि वे संस्था द्वारा उपलब्ध कराई गई कृषि एवं पशुपालन संबंधी जानकारी का सही उपयोग करें।

like

dislike

love

funny

angry

sad

wow

एक्सप्रेस न्यूज़ डेस्क बुलंद आवाज के साथ निष्पक्ष व निर्भीक खबरे... आपको न्याय दिलाने के लिए आपकी आवाज बनेगी कलम की धार... आप भी अपने आस-पास घटित कोई भी सामाजिक घटना, राजनीतिक खबर हमे हमारी ई मेल आईडी GEXPRESSNEWS54@GMAIL.COM या वाट्सएप न 8094612000 पर भेज सकते है हम हर सम्भव प्रयास करेंगे आपकी खबर हमारे न्यूज पोर्टल पर साझा करें। हमारे चैनल GEXPRESSNEWS से जुड़े रहने के लिए धन्यवाद................