प्रधानमंत्री सूक्ष्म खाद्य उद्योग उन्नयन योजना हेतु कार्यशाला आयोजित
खैरथल (हीरालाल भूरानी) समीपवर्ती पंचायत समिति, तिजारा के सभागार में जयप्रकाश यादव, प्रधान पंचायत समिति, तिजारा की अध्यक्षता में प्रधानमंत्री सूक्ष्म खाद्य उद्योग उन्नयन योजना (PMFME) के बेहतर क्रियान्वयन एवं आवेदन की सुगम प्रक्रिया की जानकारी एवं प्रचार-प्रसार हेतु कार्यशाला आयोजित की गई।
मण्डी समिति, तिजारा सचिव प्रियंका प्रजापत ने बताया कि यह योजना खाद्य प्रसंस्करण क्षेत्र में नए और मौजूदा उधमीयों के लिए एक वरदान साबित हो रही है। उक्त योजना के अन्तर्गत अचार, पापड, बडी, ब्रेड, बिस्किट, चिप्स, कुरकुरे, जैम/जैली, साबूदाना, पेठा, नमकीन, सेवई, आईस कैन्डी, सत्तू, दाल पनीर, गज्जक, पोटेटो फेचफाई, हल्दी, पोहा, शहद, कैचअप, पास्ता, मैकोनी, आईसक्रीम, केक, टोस्ट, घी, नूडल्स पोपकॉर्न, पतासा निर्माण के उद्योग सम्मिलित है। इसके अतिरिक्त आटा चक्की उद्योग, गुड उत्पादन, लहसून, प्याज, अदरक, का पेस्ट निर्माण, मिठाई (रसगुल्ला, गुलाब जामुन) तेल मील प्लान्ट उद्योग, मसाला उत्पादन आदि सूक्ष्म कृषि प्रसंस्करण ईकाई स्थापित किये जा सकते है। उक्त योजना में उद्यमी को उसकी पूंजीगत लागत का 35 प्रतिशत अनुदान एवं अधिकतम 10 लाख अनुदान प्रदान किये जाने एवं इस योजना के अन्तर्गत आवेदन की सुगम प्रक्रिया के बारे में जानकारी दी गई।
इस कार्यशाला में प्रधान प. सं. तिजारा, मण्डी समिति, किशनगढ बास की सचिव नेहा यादव, मण्डी समिति, बानसूर के सचिव संदीप मीणा, एलडीएम पंजाब नेशनल बैंक, एच.डी.एफ.सी. व पी.एन.बी. बैंक के प्रतिनिधि, जिला रिसोर्स पर्सन पुरूषोतम व अनेक ग्राम पंचायत के सरपंच एवं व्यापार महासंघ / व्यापार मण्डल अनाज मण्डी / व्यापार मण्डल फल-सब्जी मण्डी के अध्यक्ष सहित अनेक व्यापारियों एवं किसानों ने भाग लिया है। बैठक समाप्ति में सचिव प्रियंका प्रजापत के द्वारा प्रधानमंत्री सूक्ष्म खाद्य उद्योग उन्नयन (PMFME) योजना के अन्तर्गत अधिक से अधिक लाभ उठाने की एवं किसी भी प्रकार की समस्या के लिए नियुक्त जिला रिसोर्स पर्सन एवं नजदीकी मण्डी समिति के सचिव से सम्पर्क करने की अपील की गई।


