गोविंदगढ़ में घुमंतू परिवार को मिली सहायता: राज्य सरकार ने लगाए शिविर, योजनाओं का मिलेगा लाभ
अलवर के गोविंदगढ़ स्थित पंचायत समिति परिसर में बुधवार को विमुक्त, घुमन्तु एवं अर्द्धधुमन्तु परिवार सहायता शिविर का आयोजन किया गया। राज्य सरकार के निर्देश पर आयोजित इस शिविर का उद्देश्य इन समुदायों को जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ देकर विकास की मुख्यधारा से जोड़ना था।
- परिवारों को एक ही जगह पर मिली सुविधा
शिविर में घुमन्तु परिवारों के लिए विभिन्न विभागों की सुविधाएं एक ही स्थान पर उपलब्ध कराई गईं। मौके पर ही मूल निवास प्रमाण पत्र, विमुक्त-घुमन्तु पहचान पत्र, आधार कार्ड और जन-आधार कार्ड बनाने का कार्य किया गया।
- सरकारी योजनाओं से जोड़ा
पहचान संबंधी दस्तावेजों के साथ-साथ, पात्र परिवारों को सामाजिक सुरक्षा पेंशन, पालनहार योजना और मुख्यमंत्री कन्यादान योजना जैसी महत्वपूर्ण सरकारी योजनाओं से भी जोड़ा गया। इससे उन्हें सीधे आर्थिक और सामाजिक सहायता मिल सकेगी।
- निशुल्क दवाईयों की किट बांटी
चिकित्सा विभाग द्वारा दिव्यांग प्रमाण पत्र जारी किए गए और जरूरतमंदों को निःशुल्क दवाई किट वितरित की गईं। बेघर परिवारों के लिए 'घुमन्तु आवास योजना' के आवेदन तैयार किए गए। इसके अतिरिक्त, वोटर आईडी और राशन कार्ड जैसी मूलभूत आवश्यकताओं के लिए भी मौके पर ही समाधान किया गया।
- प्रशासनिक अधिकारी रहे मुस्तैद
शिविर में प्रशासनिक अधिकारी मुस्तैद रहे। नायब तहसीलदार राजेन्द्र यादव, विकास अधिकारी रमेश गुर्जर और सामाजिक सुरक्षा अधिकारी कुलदीप शर्मा ने व्यक्तिगत रूप से आवेदनों की जांच की और ग्रामीणों की समस्याओं को सुना। अधिकारियों ने बताया कि सरकार की मंशा है कि कोई भी पात्र परिवार जानकारी के अभाव में योजनाओं के लाभ से वंचित न रहे।
इस अवसर पर विभिन्न विभागों के कर्मचारी और क्षेत्र के विमुक्त व घुमन्तु परिवारों के पुरुष एवं महिलाएं बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।