12 दिन से बंद ट्यूबवेल, पेयजल संकट से जूझ रहे सोयला के ग्रामीण; एसडीएम को सौंपा ज्ञापन
बावड़ी/जोधपुर (मिश्रीलाल लखारा)
बावड़ी उपखंड क्षेत्र के सोयला गांव में भीषण पेयजल संकट के चलते ग्रामीणों के सब्र का बांध टूट गया है। गांव में पानी की भारी किल्लत से परेशान ग्रामीणों ने आज उपखंड अधिकारी (एसडीएम) बावड़ी को एक ज्ञापन सौंपकर गांव तलीया के महादेवजी मंदिर के पास स्थित ट्यूबवेल (नलकूप) को तुरंत चालू करवाने की गुहार लगाई है।
12 दिनों से ठप है जलापूर्ति, बूंद-बूंद को तरस रहे लोग
ग्रामीणों ने सौंपे गए ज्ञापन में बताया कि महादेवजी मंदिर के पास स्थित यह ट्यूबवेल बार-बार तकनीकी खराबी के कारण बंद हो जाता है। वर्तमान में पिछले करीब 12 दिनों से यह ट्यूबवेल पूरी तरह ठप पड़ा है, जिससे पूरे क्षेत्र में पानी की सप्लाई ठप्प हो गई है। गांव में पानी का कोई दूसरा वैकल्पिक स्रोत नहीं होने के कारण ग्रामीणों और पशुपालकों को इस उमस भरी गर्मी में बूंद-बूंद पानी के लिए तरसना पड़ रहा है।
ठेकेदार पर मनमानी और टालमटोल का आरोप
ग्रामीणों का सबसे बड़ा आक्रोश पेयजल विभाग के संबंधित ठेकेदार के रवैये को लेकर है। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि:
"इस गंभीर समस्या के बारे में संबंधित ठेकेदार को कई बार अवगत कराया गया और शिकायत दर्ज कराई गई, लेकिन उनकी तरफ से कोई संतोषजनक जवाब नहीं मिला। ठेकेदार केवल 'ऊपर से काम करवाने' की बात कहकर अपनी जिम्मेदारी से पल्ला झाड़ रहा है और ग्रामीण प्यासे मरने को मजबूर हैं।"
त्वरित कार्रवाई नहीं हुई तो आंदोलन की चेतावनी
ग्रामीणों ने एसडीएम से बेहद भावुक और कड़े लहजे में मांग की है कि इस संवेदनशील मामले को गंभीरता से लिया जाए। उन्होंने मांग की कि जलदाय विभाग के उच्च अधिकारियों और संबंधित ठेकेदार को तुरंत कड़े निर्देश जारी कर ट्यूबवेल की तत्काल मरम्मत कराई जाए। साथ ही, गांव में नियमित पेयजल आपूर्ति बहाल कर लोगों को इस विकट संकट से राहत दिलाई जाए। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही पानी की सप्लाई सुचारू नहीं की गई, तो वे उग्र प्रदर्शन के लिए मजबूर होंगे।


