खंड उपमुख्य चिकित्सा अधिकारी को सोपा ज्ञापन, एक्स-रे मशीन को जनता क्लीनिक में शिफ्ट किए जाने की मांग
लक्ष्मणगढ़ (अलवर/कमलेश जैन)। कस्बे के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) की बिल्डिंग जर्जर (कंडम) होने के बाद महत्वपूर्ण स्वास्थ्य सेवाओं को अन्यत्र स्थानांतरित किए जाने की सुगबुगाहट के बीच स्थानीय युवाओं ने मोर्चा खोल दिया है। मंगलवार को कस्बे के जागरूक नवयुवकों ने स्वास्थ्य सेवाओं को कस्बे में ही बरकरार रखने की मांग कि है।
प्रतिनिधिमंडल में इकबाल खान 'तूफान', विशाल गुप्ता, कृष्णा गुर्जर, मोनी शर्मा और सौरभ आदि युवा शामिल रहे। युवाओं ने बताया कि सीएचसी भवन के कंडम होने का हवाला देते हुए स्वास्थ्य विभाग द्वारा कस्बे की एक्स-रे मशीन और प्रसव (डिलीवरी) सुविधा को मौजपुर स्वास्थ्य केंद्र में स्थानांतरित किया जा रहा है। इसका स्थानीय स्तर पर भारी विरोध है।
- मरीजों को होगी परेशानी, स्थानीय स्तर पर ही हो व्यवस्था
युवाओं का कहना है कि यदि एक्स-रे और प्रसव जैसी आपातकालीन व जरूरी सुविधाएं मौजपुर शिफ्ट हो गईं, तो लक्ष्मणगढ़ कस्बे और आसपास के दर्जनों गांवों के मरीजों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ेगा। उन्हें छोटी-मोटी जांच और महिलाओं को प्रसव के लिए दूर जाना पड़ेगा, जो कि उपखंड मुख्यालय के मरीजों के साथ अन्याय है।
- युवाओं ने सुझाया यह समाधान
युवाओं ने मांग की है कि सेवाओं के मौजपुर स्थानांतरण पर अविलंब रोक लगाई जाए। इसके स्थान पर, कस्बे के ही पुराने अस्पताल (जनता क्लिनिक) अथवा बीसीएमओ कार्यालय परिसर में अतिरिक्त कमरे उपलब्ध कराकर एक्स-रे मशीन स्थापित की जाए और प्रसव सेवाएं यहीं से शुरू की जाएं। युवाओं ने चेतावनी दी है कि उपखंड स्तर पर कस्बे में मरीजों को स्वास्थ्य सुविधाएं मिलना उनका बुनियादी अधिकार है। प्रशासन को तुरंत इस विषय पर संज्ञान लेकर कस्बे में ही वैकल्पिक व्यवस्था करनी चाहिए ताकि मरीजों को दर-दर न भटकना पड़े।


