विकास कार्यों एवं बजट घोषणाओं को समयावधि में गुणवत्तापूर्ण उतारें धरातल पर - जिला कलक्टर
भरतपुर,(कौशलेन्द्र दत्तात्रेय) जिला कलक्टर कमर चौधरी की अध्यक्षता में सोमवार को जिला कलेक्ट्रेट सभागार में बजट घोषणाओं एवं जिले में संचालित विभिन्न विकास कार्यों की प्रगति की समीक्षा को लेकर महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक में केंद्र एवं राज्य सरकार की बजट घोषणाओं के प्रभावी क्रियान्वयन, वर्तमान में चल रहे विकास कार्यों की स्थिति तथा आगामी कार्ययोजनाओं पर विस्तार से चर्चा की गई।
जिला कलक्टर ने सभी विभागीय अधिकारियों को निर्देश दिए कि बजट घोषणा 2024-25 एवं 2025-26 को निर्धारित समय-सीमा में गुणवत्तापूर्ण ढंग से धरातल पर उतारना सुनिश्चित करें। उन्होंने कहा कि जनहित से जुड़े कार्यों में किसी भी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी। सभी विभाग आपसी समन्वय के साथ कार्य करते हुए योजनाओं का लाभ आमजन तक समय पर पहुंचाएं। उन्होंने लंबित प्रकरणों के शीघ्र निस्तारण, वित्तीय स्वीकृति के त्वरित उपयोग तथा निविदा प्रक्रियाओं को समय पर पूर्ण करने पर विशेष जोर दिया। सड़क, पेयजल, बिजली, शिक्षा, स्वास्थ्य, नगरीय विकास एवं ग्रामीण विकास से संबंधित कार्यों की प्रगति की विभागवार समीक्षा की गई।
जिला कलक्टर ने विद्युत विभाग के अधीक्षण अभियंता को निर्देश दिए कि भरतपुर शहर में भविष्य में प्रस्तावित विकास कार्यों एवं योजनाओं को ध्यान में रखते हुए विद्युत आपूर्ति सुदृढ़ करने हेतु व्यापक स्तर पर जीएसएस निर्माण की प्लानिंग की जाए। उन्होंने बछामदी 33/11 केवी जीएसएस निर्माण के लिए पुनः भूमि आवंटन की प्रक्रिया प्रारंभ करने के निर्देश भी दिए। स्वास्थ्य क्षेत्र को लेकर जिला कलक्टर ने तुहिया में प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र के भवन निर्माण कार्य से पूर्व जल भराव निकासी की व्यवस्था सुनिश्चित करने हेतु संबंधित कार्यकारी एजेंसी को सूचित करने के निर्देश दिए। उन्होंने नदबई के बरौलीरान तथा भरतपुर के सुनारी स्वास्थ्य केंद्रों के क्रमोन्नयन के लिए आवश्यक कार्यवाही करने हेतु सीएमएचओ को संबंधित अधिकारियों से समन्वय स्थापित करने के निर्देश दिए। साथ ही, भरतपुर शहर में चिकित्सा विभाग के विभिन्न विकास कार्यों के लिए संबंधित ग्राम पंचायत, बीडीए एवं नगर निगम आयुक्त से समन्वय करने को कहा।
जिला कलक्टर ने एडीएम सिटी को निर्देश दिए कि आरबीएम हॉस्पिटल के निकट पीएमओ आवास के लिए भूमि आवंटन हेतु समुचित प्लानिंग की जाए। इसके साथ ही भरतपुर मेडिकल कॉलेज में स्पाइनल इंजरी सेंटर निर्माण को लेकर पीएमओ एवं मेडिकल कॉलेज प्राचार्य को आवश्यक दिशा-निर्देश प्रदान किए। उन्होंने सीएमएचओ को केंद्र एवं राज्य सरकार द्वारा संचालित विभिन्न योजनाओं में प्रगति लाने तथा जिले की राज्य स्तरीय रैंकिंग में सुधार सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
उन्होंने एडीएम सिटी से गोविन्द स्वामी पैनोरमा (अटारी), श्री गोकुला जाट पैनोरमा एवं राजा खेमकरण पैनोरमा के निर्माण कार्यों को लेकर संबंधित धरोहर प्राधिकरण अधिकारियों से फीडबैक प्राप्त करने को कहा। जिला कलक्टर ने महारानी श्री जय कॉलेज में अध्ययन केंद्र एवं ऑडिटोरियम निर्माण कार्य में ऑडियो सिस्टम की समुचित व्यवस्था करने के निर्देश भी दिए।
जल संसाधन विभाग को निर्देशित किया गया कि भरतपुर शहर के विभिन्न क्षेत्रों में नालों में जल भराव की स्थिति की निगरानी एवं निकासी की मॉनिटरिंग के लिए बीडीए, नगर निगम एवं जल संसाधन विभाग की संयुक्त टीम का गठन किया जाए। बैठक में ईआरसीपी परियोजना के अंतर्गत खुर्रा चौनपुरा से बंध बारेठा बांध को जोड़ने, अजान बांध एवं कैनाल निर्माण सहित विभिन्न विकास कार्यों पर भी विस्तार से चर्चा की गई।
विकास कार्यों पर की विस्तार पूर्वक चर्चा
जिला कलक्टर ने बजट घोषणाओं से संबंधित विभिन्न योजनाओं पर अधिकारियों से फीडबैक प्राप्त किया, जिनमें रूपवास के निभेरा में 220 केवी जीएसएस निर्माण, बयाना, रूपवास व नदबई में चिकित्सालयों का क्रमोन्नयन, वैर उप जिला अस्पताल भवन निर्माण, आरबीएम हॉस्पिटल में आधारभूत सुविधाओं का विकास, नदबई में ईडब्ल्यूएस छात्रावास, जिला स्तरीय कामकाजी महिलाओं हेतु छात्रावास, पेइंग गेस्ट सुविधाएं, नदबई यूजी गर्ल्स हॉस्टल, पांच हजार से अधिक आबादी वाली ग्राम पंचायतों में ओपन जिम एवं खेल मैदान तथा प्रत्येक विधानसभा क्षेत्र में जनसुनवाई केंद्र स्थापना शामिल हैं। इस अवसर पर अतिरिक्त कलक्टर शहर राहुल सैनी, डीएफओ चेतन कुमार बीवी, एसई जल संसाधन बनैसिंह, विद्युत रामहेत मीना, सीएमएचओ डॉ. गौरव कपूर, पीएमओ नगेन्द्र भदौरिया सहित विभिन्न जिला स्तरीय अधिकारी मौजूद रहे।