हलैना मेें यूरिया को लगी कतार, कृषि विभाग की नजर में वितरण; दो फर्मो पर आए 600 कट्टे, लेने को एक हजार से अधिक किसान
हलैना (विष्णु मित्तल) भरतपुर जिला प्रशासन एवं कृषि विभाग यूरिया की किल्लत एवं कालाबाजारी की रोकथाम के पूरे प्रयास किए हुए है,कस्वा हलैना की दो फर्मो पर शनिवार की देर सायं 600 यूरिया के कट्टे आए, जिसकी भनक लगते ही भारी सख्यां में किसान आ गए और कतार में खडा होकर यूरिया कट्टा प्राप्ति का इंतजार करने लगे। खाद कस विक्रय रविवार को कृषि विभाग के अतिरिक्त निदेशक डॉ.देशराज सिंह,उप निदेशक डॉ.राधेश्याम मीणा एवं सहायक निदेशक डॉ.हरभान सिंह के निदेशन में हलैना के सहायक कृषि अधिकारी दानवीर सिंह एवं कृषि पर्यवेक्षक संजय शर्मा की देखरेख हुआ,खाद विक्रेताओं ने कृषि विभाग की टीम के समक्ष किसानों को आधार कार्ड से यूरिया की ब्रिकी शुरू की।
सहायक कृषि अधिकारी दानवीर सिंह ने बताया कि एनएफएल कम्पनी का किसान यूरिया के शनिवार को कस्वा हलैना की फर्म चौधरी एग्रो ऐजेन्सी पर 320 कट्टे एवं फर्म निरंजनलाल हरिओम पर 280 कट्टे किसान यूरिया के आए। जिनकी रविवार को दोनों फर्मो का स्टाक रजिस्टर के आधार पर गोदाम की जांच कर ब्रिकी कृषि विभाग की टीम के समक्ष शुरू हुई। किसानों की भीड को देखकर एक आधार कार्ड पर अधिक से अधिक दो यूरिया कट्टे उचित मूल्य पर ब्रिकी करना तय किया गया और दोपहर तक दोनों फर्मो का यूरिया स्टाक शून्य हो गया। उन्होने बताया कि हलैना में तहसील वैर,भुसावर,नदबई,बयाना,महवा,कठूमर तथा उप तहसील हलैना,खेडलीगंज, लखनपुर क्षेत्र के किसानों ने भी यूरिया क्रय किया।
- इधर खरीदा उधर बेच दिया
सहायक कृषि अधिकारी दानवीर सिंह ने बताया कि किसान की कतार में बिना भूमि वाले कुछ लोग आधार कार्ड लेकर खडे हो गए,जिन्होने उचित मूल्य पर यूरिया कट्टा क्रय कर 350 से 400 रूपए तक बेचा। एक किसान ने इसकी सूचना हमे दी, उसकी जांच की और एक महिला पकडी गई। जो पकडा जाने पर रोने लगी और उसे कतार में खडे किसानों ने माफ करावा दिया। जिसके बाद बिना भूमि वाले किसी भी किसान को खाद नही बेचा गया। ऐसा मामला केवल दो ही निकले।


