यूनेस्को का प्लास्टिक छोड़ो अभियान :प्लास्टिक में उपयोग किये जाने वाले रसायन शरीर के लिए हानिकारक: माली
भीलवाड़ा : राजकुमार गोयल
भीलवाड़ा जिला यूनेस्को एसोसिएशन के तत्वाधान में व जवाहर फाउंडेशन तथा पेंशनर समाज भीलवाड़ा के सहयोग से ‘‘प्लास्टिक छोड़ो प्रकृति से नाता जोड़ो’’ अभियान के तहत शहर के गांधी नगर स्थित पेंशनर भवन में पेंशनर समाज को प्लास्टिक के दुष्प्रभाव के बारे में विस्तार से बताया गया। वहीं उपस्थित पेंशनर समाज के सभी सदस्यों को कपड़े के बैग भी वितरण किए गए।
कार्यक्रम संयोजक व स्टेट फेडरेशन ऑफ यूनेस्को एसोसिएशन इन राजस्थान के प्रदेश संयोजक गोपाल लाल माली ने कहा कि प्लास्टिक हम लोगों की जिंदगी के साथ-साथ चलता है। हम प्लास्टिक पर इस कदर निर्भर है कि पानी पीने की बोतल से लेकर लंच बॉक्स तक में प्लास्टिक का ही इस्तेमाल करते हैं। हम प्लास्टिक का इस्तेमाल तो कर रहे हैं लेकिन उसके दुष्प्रभाव से अंजान है। हम सब जानते हैं कि प्लास्टिक कई तरह से मानव शरीर के लिए नुकसानदाय है। प्लास्टिक के निर्माण में उपयोग किए जाने वाले रसायन शरीर के लिए विषाक्त और हानिकारक है। इसलिए हमें अपने जीवन में प्लास्टिक का उपयोग न करके कपड़े के बैग इस्तेमाल करने चाहिए।
अन्य वक्तोओं ने भी उपस्थित लोगों को प्लास्टिक के दुष्प्रभाव व स्वास्थ्य के बारे में विस्तार से बताया और कहा कि आप अपने परिवार व आसपास के सभी दोस्तों को भी प्लास्टिक से छोड़ने के लिए प्रेरित करें। कार्यक्रम की अध्यक्षता पैसेंजर समाज के अध्यक्ष एनके जैन ने की।
जिला यूनेस्को एसोसिएशन की प्रवक्ता मधु लोढ़ा ने बताया कि यूनेस्को द्वारा का ‘‘प्लास्टिक छोड़ो आंदोलन’’ लगातार चलाया जा रहा है व शहर के अलग-अलग क्षेत्र में बड़े स्तर पर कपड़े के बैग वितरण किए जा रहे हेै। इसी कड़ी में आज पेंशनर समाज संस्था के 100 सदस्यों को कपड़े के बैग वितरण किए गए।
कार्यक्रम में जिला यूनेस्को एसोसिएशन के अध्यक्ष चेतन मानसिंहका, वरिष्ठ उपाध्यक्ष ललित अग्रवाल, सचिव जगदीशचंद्र मुंदडा, संगठन सचिव कमलेश जाजू, तोताराम माली, रामचंद्र मूंदड़ा, पेंसनर समाज संस्था के असलम फैयाज,सत्यदेव व्यास, गोपाल गगड़, एस एन बियानी, विद्यासागर सुराणा, बंसीलाल पारस, जवाहर फाउंडेशन के वैभव जोशी, चिराग टेलर सहित पेंशनर समाज संस्था तथा यूनेस्को के सदस्य उपस्थित थे।