गुरला में चरागाह और वन भूमि पर भू-माफिया का राज: JCB से धड़ल्ले से अवैध खनन, प्रशासन की 'मौन सहमति' पर उठे सवाल

May 22, 2026 - 21:30
 0
गुरला में चरागाह और वन भूमि पर भू-माफिया का राज: JCB से धड़ल्ले से अवैध खनन, प्रशासन की 'मौन सहमति' पर उठे सवाल

गुरला (बद्री लाल माली)। गुरला क्षेत्र में इन दिनों चरागाह (गोचर) और वन विभाग की सरकारी भूमि पर भू-माफियाओं द्वारा धड़ल्ले से अवैध खनन और मिट्टी-बजरी दोहन का खेल चल रहा है। दिन-रात चल रही पोकलेन और जेसीबी (JCB) मशीनों ने क्षेत्र की हरी-भरी भूमि को गहरे और डरावने खड्डों में तब्दील कर दिया है। सबसे हैरान करने वाली बात यह है कि अवैध खनन से भरे दर्जनों ट्रैक्टर-ट्रॉली और डम्पर बेखौफ होकर मुख्य हाईवे से गुजर रहे हैं, लेकिन जिम्मेदार अधिकारी आंखें मूंदे बैठे हैं। इस ढुलमुल रवैये से स्थानीय ग्रामीणों में प्रशासन के खिलाफ भारी आक्रोश व्याप्त है।

इन प्रमुख स्थानों पर चल रहा है अवैध खनन का कारोबार:

  • रगसपुरिया चौराहा: हाईवे स्थित राजलक्ष्मी होटल के पीछे चरागाह भूमि पर धड़ल्ले से मिट्टी का दोहन जारी है।

  • काबरा नाका पहाड़ी: वन विभाग के अधीन आने वाली इस सुरक्षित पहाड़ी पर अवैध खनन कर बड़े-बड़े गड्ढे बना दिए गए हैं।

  • गाडरी खेड़ा स्कूल के पास: वन विभाग की पावन और प्रतिबंधित भूमि को भी माफियाओं ने नहीं छोड़ा और वहां भी लगातार अवैध खुदाई की जा रही है।

चरागाह नष्ट, बेजुबान मवेशियों और पर्यावरण पर मंडराया संकट

अवैध रूप से मिट्टी, बजरी और पत्थरों के खनन के कारण गोचर भूमि पूरी तरह बर्बाद होने की कगार पर है। ग्रामीणों का कहना है कि जेसीबी से किए गए ये बड़े-बड़े खड्डे अब बेजुबान जानवरों के लिए 'मौत का कुआं' साबित हो रहे हैं। इस अंधाधुंध खुदाई से क्षेत्र के पेड़-पौधे और हरियाली पूरी तरह नष्ट हो रहे हैं, जिससे स्थानीय पर्यावरण पर गंभीर संकट खड़ा हो गया है। उल्लेखनीय है कि यह भूमि राजस्व विभाग, ग्राम पंचायत और वन विभाग के अंतर्गत आती है, फिर भी कोई इस पर ध्यान नहीं दे रहा है।

क्या प्रशासन की मिलीभगत से चल रहा है यह खेल?

मुख्य हाईवे और सरकारी दफ्तरों की नाक के नीचे खुलेआम चल रहे इस अवैध कारोबार ने प्रशासनिक दावों की पोल खोल कर रख दी है। ग्रामीणों का सीधा आरोप है कि बिना स्थानीय पुलिस, राजस्व विभाग और खनिज विभाग की 'मौन सहमति' या मिलीभगत के इतना बड़ा नेटवर्क चलना नामुमकिन है। इतने बड़े स्तर पर हो रहे दोहन के बावजूद कोई कार्रवाई न होना अधिकारियों की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े करता है।

ग्रामीणों ने की तत्काल सख्त कार्रवाई की मांग

गुरला के समस्त ग्रामीणों ने जिला प्रशासन और संबंधित विभागों से मांग की है कि इस अवैध खनन को तुरंत प्रभाव से रुकवाया जाए, मशीनों को जब्त किया जाए और दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाए ताकि बची-कुची चरागाह व वन भूमि को सुरक्षित बचाया जा सके।

like

dislike

love

funny

angry

sad

wow

एक्सप्रेस न्यूज़ डेस्क बुलंद आवाज के साथ निष्पक्ष व निर्भीक खबरे... आपको न्याय दिलाने के लिए आपकी आवाज बनेगी कलम की धार... आप भी अपने आस-पास घटित कोई भी सामाजिक घटना, राजनीतिक खबर हमे हमारी ई मेल आईडी GEXPRESSNEWS54@GMAIL.COM या वाट्सएप न 8094612000 पर भेज सकते है हम हर सम्भव प्रयास करेंगे आपकी खबर हमारे न्यूज पोर्टल पर साझा करें। हमारे चैनल GEXPRESSNEWS से जुड़े रहने के लिए धन्यवाद................