डीग में मानसून पूर्व तैयारियों की समीक्षा, जिला कलक्टर ने किया शहर का सघन निरीक्षण
डीग (नीरज जैन) मानसून की दस्तक से पहले जिला कलक्टर मयंक मनीष ने मंगलवार को डीग शहर के प्रमुख बाजारों, सार्वजनिक स्थलों और मुख्य मार्गों का विस्तृत निरीक्षण किया। गणेश मंदिर से आरंभ हुए इस दौरे में उन्होंने जिला अस्पताल परिसर, नई सड़क, सब्जी मंडी, मेला ग्राउंड स्थित निर्माणाधीन फूड स्ट्रीट, बड़ा बाजार, लोहा मंडी और पुराना बस स्टैंड सहित शहर के कई क्षेत्रों का जायजा लिया।
निरीक्षण के दौरान जिला कलक्टर ने संकरी होती सड़कों और बढ़ती जाम की समस्या पर गहरी चिंता व्यक्त की। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि नगर परिषद नियमों और मास्टर प्लान के अनुरूप शहर के सभी छोटे-बड़े स्थाई-अस्थाई अतिक्रमण चिन्हित किए जाएं। उन्होंने स्पष्ट किया कि अतिक्रमण हटाने की कार्यवाही पूर्णतः वैधानिक प्रक्रिया के तहत, संबंधित व्यक्ति को नोटिस और सुनवाई का पूरा अवसर देकर ही संपादित की जाए। साथ ही उन्होंने शहरवासियों से अपील की कि वे यातायात सुगम बनाने में सहयोग करते हुए अनधिकृत अतिक्रमण स्वेच्छा से हटाएं। जिला अस्पताल के पास मरीजों और आमजन की सुविधा के लिए पार्किंग व्यवस्था सुदृढ़ करने के भी निर्देश दिए गए।
मानसून प्रबंधन की समीक्षा में जिला कलक्टर ने नगर परिषद द्वारा की गई मुख्य नालों की सफाई पर संतोष व्यक्त किया, किंतु नालों से निकाली गई सिल्ट को सड़क किनारों से तुरंत हटवाने के निर्देश दिए, ताकि बारिश के दौरान वह दोबारा नालों में न बहे। उन्होंने निचले और जलभराव-संभावित क्षेत्रों में आपात स्थिति के लिए पंप-सेट स्थापित करने तथा राज्य सरकार के हरियालो राजस्थान अभियान के तहत सघन पौधारोपण करने के भी निर्देश दिए।
नगर परिषद द्वारा संचालित विकास कार्यों की समीक्षा करते हुए जिला कलक्टर ने फूड हब निर्माण को गुणवत्तापूर्ण ढंग से शीघ्र पूरा करने के निर्देश दिए। बृजेंद्र पार्क के संदर्भ में उन्होंने जानकारी दी कि इसे कचरे से निर्मित कलाकृतियों के माध्यम से वेस्ट टू वंडर पार्क के रूप में विकसित किया जा रहा है। उन्होंने पार्क के निचले हिस्सों में मिट्टी भराव कराने और चोरी व असामाजिक गतिविधियों की रोकथाम हेतु सुरक्षा गार्ड तैनात करने के निर्देश भी दिए।
सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने के उद्देश्य से जिला कलक्टर ने बताया कि पूछरी क्षेत्र में सीसीटीवी कैमरे इंटरनेट कनेक्टिविटी के साथ सक्रिय हो चुके हैं, जबकि शहर के अन्य हिस्सों में कार्य प्रगति पर है। उन्होंने डीओआईटी अधिकारियों को निर्देशित किया कि वे जयपुर मुख्यालय से टेंडर प्रक्रिया की समीक्षा करें, संबंधित फर्म की ढिलाई पर सख्त कार्यवाही करें और आवश्यकता पड़ने पर नया टेंडर आमंत्रित करें, ताकि सभी कैमरे शीघ्र फंक्शनल होकर उनका लाइव फीड सीधे पुलिस कंट्रोल रूम तक उपलब्ध हो सके।
इस अवसर पर अतिरिक्त जिला कलक्टर राजकुमार कस्वां, उपखंड अधिकारी अमित कुमार, नगर परिषद आयुक्त कुलदीप सिंह,जिला चिकित्सालय के प्रभारी डॉ जितेंद्र सिंह फौजदार सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।


