अलवर में मानव तस्करी और जबरन धर्म परिवर्तन का मामला: लावारिस हालत में मिली नाबालिग युवती
विश्व हिंदू परिषद ने दी पुलिस को सूचना
अलवर (अनिल गुप्ता) अलवर शहर के शालीमार क्षेत्र में बुधवार सुबह मानव तस्करी और धर्म परिवर्तन से जुड़ा एक गंभीर मामला सामने आया है। विश्व हिंदू परिषद के पदाधिकारियों ने बताया कि उन्हें सूचना मिली कि एक लड़की अपनाघर शालीमार' के पास लावारिस हालत में घूम रही है। जानकारी मिलते ही संगठन के पदाधिकारी मौके पर पहुंचे और सदर थाना पुलिस को सूचित किया। पुलिस ने त्वरित कार्यवाही करते हुए लड़की को थाने लाकर सुरक्षा में लिया और पूछताछ शुरू की।
विश्व हिंदू परिषद के जिला उपाध्यक्ष देवेंद्र छाबड़ा और शहर मंत्री प्रेम गुप्ता ने बताया कि युवती मानसिक रूप से डरी-सहमी हुई थी और प्रारंभिक बातचीत में उसने जो जानकारी दी, वह चौंकाने वाली है।
युवती ने बताया कि वह मूल रूप से कश्मीर की निवासी है और उसे करीब तीन वर्ष पूर्व एक ट्रक में बैठाकर राजस्थान के अलवर लाया गया था, जहां उसकी जबरन शादी कर दी गई। शादी के बाद एक बच्ची भी हुई। इसके बाद उसे तिजारा के शेखपुर इलाके में एक गूंगे व्यक्ति को बेच दिया गया, जहां उससे जबरन कलमा पढ़वाकर धर्म परिवर्तन कराने की कोशिश की गई।
युवती का आरोप है कि उसे अब तक दो बार अलग-अलग लोगों को बेचा गया, और वह बड़ी मुश्किल से वहां से भागकर अलवर पहुंची है।
- नाबालिग होने का संदेह, मेडिकल जांच से होगी पुष्टि
विश्व हिंदू परिषद के पदाधिकारियों के अनुसार, लड़की उम्र से नाबालिग प्रतीत हो रही है, हालांकि उसकी सही उम्र का निर्धारण आधार कार्ड या मेडिकल जांच के बाद ही किया जाएगा। पुलिस ने इस संबंध में जांच शुरू कर दी है।
पुलिस ने युवती को संरक्षण में रखा है और मानव तस्करी, जबरन विवाह, बाल विवाह, और धर्म परिवर्तन के संभावित पहलुओं की जांच की जा रही है।


