राष्ट्रीय ध्वज तिरंगा को गलत लगाने पर हो सकती है, 3 साल की जेल
लक्ष्मणगढ़ (अलवर) कमलेश जैन - 15 अगस्त नजदीक है। लोगों में देशभक्ति का माहौल है। लोग तिरंगा लगाने की तैयारी में जुटे हैं।लेकिन गाड़ी पर झंडा लगाने से पहले नियम जानना जरूरी है। वरना मुश्किल हो सकती है।
देश की आजादी का दिन स्वतंत्रता दिवस 15 अगस्त के दिन मनाया जाता है। 15 अगस्त को पूरा देश, देश भक्ति के रंग में रंगा हुआ होता है।15 अगस्त नजदीक है , हर साल की तरह इस बार भी देशभक्ति का जोश साफ नजर आने लगा है। राष्ट्र के प्रति लोग अपने घरों, ऑफिसों और गाड़ियों पर तिरंगा लगाने की तैयारी में हैं। लेकिन 15 अगस्त देश के आजादी के दिन अपनी कार या बाइक पर तिरंगा लगाने की सोच रहे हैं।
तो इसके नियमों की जानकारी आवश्यक है।भारत में झंडा संहिता यानी (फ्लैग कोड ऑफ इंडिया) के तहत तिरंगे के इस्तेमाल को लेकर साफ दिशा-निर्देश दिए गए हैं। तिरंगा हमेशा सम्मानजनक तरीके से लगाया जाना चाहिए।उसकी स्थिति ऐसी होनी चाहिए कि वह कभी भी ज़मीन या किसी वाहन के नीचे न झुके।
देशभक्ति दिखाने का तरीका अगर नियमों के खिलाफ है तो मुश्किलों का सामना करना पड़ सकता है। तिरंगे से जुड़ी कुछ खास गाइडलाइंस तय की गई हैं। जिन्हें नजरअंदाज करना कानूनन अपराध माना जाता है। बहुत से लोग भावनाओं में बहकर ये नियम तोड़ बैठते हैं।
प्लास्टिक के झंडे का इस्तेमाल करना मना है। तिरंगे को , गंदा या क्षतिग्रस्त हालत में नहीं रखना चाहिए। राष्ट्रीय ध्वज को उल्टा नहीं लगाना चाहिए।अगर इन नियमों का उल्लंघन किया, तो 3 साल तक की जेल या जुर्माना या फिर दोनों हो सकते हैं।
इन बातों का भी रखें ध्यान
तिरंगा लगाते समय सिर्फ उसकी जगह ही नहीं कुछ और बातों का ध्यान रखना भी जरूरी है। झंडा हमेशा साफ और सही हालत में होना चाहिए। फटा, गंदा या हल्के रंग वाला तिरंगा लगाना गलत माना जाता है। गाड़ी से उतरते समय तिरंगे को उतारना जरूरी नहीं है। लेकिन उसका सम्मान बना रहना चाहिए।
झंडे को कभी भी गाड़ी के पीछे, नीचे या बोनट पर इस तरह न लगाएं कि वो लहराते-लहराते नीचे गिर जाए। इसके साथ ही, तिरंगे को किसी सजावट या विज्ञापन के रूप में इस्तेमाल करना भी नियमों के खिलाफ है। अगर रात के समय तिरंगा लगाए रखना चाहते हैं ,तो उसके लिए सही रोशनी का प्रबंध जरूरी है। यानी ध्वज को अंधेरे में नहीं लगाकर रखना चाहिए।
