बीएनपी संघर्ष समिति ने मिनी सचिवालय पर किया विभिन्न मांगों को लेकर किया प्रदर्शन
अलवर (अनिल गुप्ता) अलवर डीएनटी संघर्ष समिति राजस्थान के बैनर तले लोग मंगलवार को मिनी सचिवालय पहुंचे और मिनी सचिवालय गेट पर विरोध प्रदर्शन कर नारेबाजी की उसके बाद डीएनटी संघर्ष समिति ने गिरफ्तारी के ख़िलाफ़ विरोध जताया और जिला कलक्टर को मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा |
डीएनटी संघर्ष समिति के संयोजक पुखराज योगी ने बताया कि डीएनटी के बालराई आंदोलन में सरकार से जो समझौता हुआ उसमें पहली माँग रखी थी की 78 लोगों पर किए गए केस वापस लिए लाए वार्ताओं के दौरान भरोसा दिलाया गया था की केस एफआर के माध्यम से वापस होंगे। 5 दिसंबर को सरकार से वार्ताओं के दौरान मुद्दा उठाया था तब भी मंत्री द्वारा कहा गया कि इस पर सकारात्मक कदम उठाकर गृह मंत्री से बात की जाएगी भर्तृहरि धाम अलवर डी एन टी महासंगम में 7 लोगों के मुकदमे वापस लिए जाए पुलिस की गाड़ी से टक्कर से मौत हुई लक्ष्मण नाथ को उचित मुआवजा और शहीद का दर्जा प्रदान किया जाए लेकिन इतने आश्वासन के बाद भी यह बहुत ही दुखद और आश्चर्यजनक है कि नौ लोगों को एक अपराधी की तरह उनके घर से उठा लिया गया। आ
ज छह लोग जेल में हैं। तथा आश्वासन के विरुद्ध काम किया सरकार की नीयत में खोट है। सरकार ने आंदोलन तुड़वाने के लिए ये आश्वासन दिए और वार्ताओं का बहाना बनाया। डीएनटी समाजों के साथ 78 वर्षों से धोखा हो रहा है जिसमें इस सरकार की धोखेबाजी भी जुड़ गई है।
सरकार 10 मांगे पूरी करने की बजाय लोगों को जेल में डाल रही है और दमन कर रही है। इस लोकतंत्र में भी अंग्रेज शासन जैसा व्यवहार सरकार कर रही है हमेशा अधिकारविहीन रखना और इन समाजों को हमेशा पिछड़ा बनाये रखना ही सरकार का उद्देश्य है।