ऑपरेशन "गुप्त व प्रहार" के तहत सांडेराव पुलिस की बड़ी कामयाबी, सीसीटीवी और साइबर सेल की मदद से दबोचा गया मुख्य आरोपी
सांडेराव / बरकत | राजस्थान पुलिस के विशेष अभियान "ऑपरेशन गुप्त व प्रहार" के तहत सांडेराव थाना पुलिस ने अंतर्राज्यीय गिरोह के खिलाफ एक बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस ने पिछले साल नवंबर माह में एनएच-62 पर स्थित 'नमस्ते होटल' के बाहर खड़ी स्कॉर्पियो कार का कांच तोड़कर लाखों के आभूषण चोरी करने वाली शातिर हरियाणा गैंग का पर्दाफाश करते हुए मुख्य आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है।
वारदात का संक्षिप्त विवरण
घटना 25 नवंबर 2025 की है, जब परिवादी वीरेंद्र प्रताप सिंह (निवासी धामसीन, जालौर) अपनी पत्नी के साथ एक शादी समारोह से लौट रहे थे। नमस्ते होटल पर चाय-नाश्ते के लिए रुकना उन्हें भारी पड़ा। महज कुछ मिनटों के लिए कार खड़ी की गई, लेकिन शातिर चोरों ने स्कॉर्पियो का कांच तोड़कर अंदर रखे कीमती आभूषण पार कर दिए। सांडेराव पुलिस ने इस मामले में धारा 305 (2) BNS के तहत मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की थी।
यूं बिछाया गया जाल (पुलिस टीम की कार्रवाई)
मामले की गंभीरता को देखते हुए अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक चैनसिंह गहेचा और डीएसपी जितेंद्र सिंह के सुपरविजन में सांडेराव थानाधिकारी श्यामराज सिंह के नेतृत्व में एक विशेष टीम का गठन किया गया।
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विशेष भूमिका: टीम में एएसआई श्रवण सिंह और कांस्टेबल देवीसिंह की अहम भूमिका रही।
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तकनीकी सहयोग: पाली साइबर सेल के गौतम आचार्य, शैलेंद्र भाटी, जोगेंद्र सिंह और अमरेशपुरी ने डिजिटल साक्ष्यों और लोकेशन के आधार पर आरोपियों को ट्रैक किया।
पकड़ा गया शातिर बदमाश
पुलिस ने कड़ी मशक्कत के बाद उपेंद्र उर्फ बिंदु, जो कि हरियाणा की शातिर गैंग का सक्रिय सदस्य है, को गिरफ्तार करने में सफलता हासिल की है। पुलिस पूछताछ में आरोपी ने नेशनल हाईवे पर खड़ी गाड़ियों को निशाना बनाने की कई अन्य वारदातों को अंजाम देने की बात भी स्वीकार की है।