गौशाला में मौनी बाबा की पुण्य स्मृति पर आयोजित हुआ चादर रस्म के साथ भंडारे का कार्यक्रम
अलवर (अनिल गुप्ता) प्राचीन काल में अलवर जिले की राजधानी रहे माचाड़ी कस्बे के वनखंडी महादेव पर स्थित सार्वजनिक गौशाला एवं आश्रम परिसर में परम श्रद्धेय रामदास महाराज उर्फ मौनी बाबा की पुण्य स्मृति में श्रद्धांजलि कार्यक्रम का आयोजन किया गया।
गौरतलब रहे कि मौनी बाबा 30 जनवरी 2026 को स्वर्ग लोक गमन हो गया था। उनके ब्रह्मलीन होने के उपरांत ग्रामवासियों एवं भक्तजनों द्वारा हवन-पूजन एवं भंडारे का आयोजन किया गया।
इस अवसर पर साधु संतों की जमात एवं ग्रामीणों द्वारा रामकृष्ण दास महाराज को चादर ओढ़ाकर उन्हें मौनी बाबा का शिष्य घोषित कर दिया गया। कुछ लोगों ने इस चादर रस्म पर विरोध जताया।
उनका कहना है कि आश्रम सभी संतों एवं श्रद्धालुओं के लिए खुला है, जहां कोई भी किसी भी संप्रदाय का संत सेवा-भजन कर सकता है। इस अवसर पर बालक दास महाराज मीन मंदिर भजेडा, रामफूल दास कपिल मुनि आश्रम उकेरी, रामदास महाराज अट्टा मंदिर अलवर, प्रेमदास महाराज पूनखर,ओमदास महाराज केसूला धाम माचाड़ी,हरिदास महाराज,माधव दास महाराज नंगेश्वर महाराज माचाड़ी, महावीर दास डायला बगीची राजगढ़, नवलदास महाराज शेखा की बगीची राजगढ़,राम दास महाराज थानाराजाजी,जुगलदास महाराज खोखरा मंदिर माचाड़ी एवं मातादीन शर्मा, गोपाल सिंह नरुका, वीरेंद्र दाधीच, रामावतार यादव नयागांव, ओमप्रकाश जांगिड़, सरपंच प्रतिनिधि आनंद सिंह,किशनचंद बटवाडा, रामनिवास जांगिड़,कैलाश चंद जांगिड़,विशबंर दयाल बोहरा,नवल किशोर रावत, ओमप्रकाश पंसारी सहित अन्य प्रबुद्ध नागरिक मौजूद थे।

