भारत विकास परिषद ‘आजाद’ शाखा का विरासत वंदन समारोह सम्पन्न, पूर्व अध्यक्षों का सम्मान और नई कार्यकारिणी ने संभाली कमान
भीलवाड़ा, (बृजेश शर्मा) भारत विकास परिषद ‘आजाद’ शाखा द्वारा शुक्रवार को भव्य विरासत वंदन समारोह का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का ध्येय वाक्य— “जहाँ अनुभवों का सम्मान है, वहीं विकास का वरदान है।”—कार्यक्रम की गरिमा और उद्देश्य को सजीव करता रहा। समारोह में शाखा के सभी पूर्व अध्यक्षों का विशेष सम्मान किया गया, वहीं नई कार्यकारिणी ने भी विधिवत शपथ ग्रहण कर आगामी वर्ष के लिए अपने संकल्प को सार्वजनिक किया।
समारोह में वर्ष 2003 से 2026 तक संगठन का नेतृत्व कर चुके पूर्व अध्यक्षों को उनके योगदान और अनुभवों के आधार पर विशिष्ट टाइटल्स प्रदान किए गए। सम्मानित होने वाले पूर्व अध्यक्षों में संस्थापक अध्यक्ष कैलाश सोनी, शीतल माहेश्वरी, अभिषेक लोहिया, शिवम प्रहलादका, सुमित जागेटिया, विनोद कोठारी, अरुण बाहेती, अमित सोनी, अभिषेक सोमानी और विनीत शर्मा शामिल रहे। सम्मान प्राप्त करते समय सभी पूर्व अध्यक्ष परिषद के साथ बिताए वर्षों की यादों में भावुक हो उठे और संगठन को मजबूत बनाने वाले अपने अनुभव साझा किए।
कार्यक्रम की शुरुआत नई कार्यकारिणी के शपथ ग्रहण से हुई। श्याम जी कुमावत के सान्निध्य में नवीन सत्र के लिए पद और गोपनीयता की शपथ दिलाई गई। नई कार्यकारिणी में प्रदीप चौधरी ने अध्यक्ष, प्रशांत खटोड़ ने सचिव और मोहित पगारिया ने कोषाध्यक्ष का दायित्व ग्रहण किया।
नवीन कार्यकारिणी के सदस्यों और वरिष्ठ पदाधिकारियों ने संकल्प लिया कि इस वर्ष ‘आजाद’ शाखा सेवा और संस्कार के क्षेत्र में अभिनव एवं प्रभावी कार्यक्रम आयोजित कर एक अनूठा रिकॉर्ड स्थापित करेगी। समारोह में मातृशक्ति का भी विशेष सम्मान किया गया। प्रांतीय स्तर पर प्रतिनिधित्व कर संगठन का गौरव बढ़ाने वाली भारती मोदानी और रिंकू सोमानी को उनके उत्कृष्ट योगदान के लिए सम्मानित किया गया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में पदाधिकारियों, सदस्यों और सामाजिक कार्यकर्ताओं ने भाग लेकर आयोजन को सफल बनाया।

