जिला कलक्टर की अध्यक्षता में सीएलसी की बैठक आयोजित, भरतपुर शहर के शेष क्षेत्रों को मिलेगा सीवरेज नेटवर्क का लाभ
भरतपुर, (कौशलेन्द्र दत्तात्रेय) जिला कलक्टर कमर चौधरी की अध्यक्षता में सिटी लेवल कमेटी की बैठक मंगलवार को में कलक्ट्रेट सभागार में आयोजित की गई। जिसमें शहर के सीवरेज नेटवर्क से वंचित क्षेत्रों को आधुनिक सीवरेज सुविधा से जोड़ने की दिशा में आरयूआईडीपी के पंचम चरण में प्रस्तावित सीवरेज परियोजनाओं की विस्तृत समीक्षा की गई।
जिला कलक्टर ने कहा कि परियोजना भरतपुर शहर के समग्र एवं सतत शहरी विकास की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम साबित होगी, जिससे शहर के शेष क्षेत्रों में भी आधुनिक सीवरेज व्यवस्था उपलब्ध हो सकेगी और नागरिकों के जीवन स्तर में सुधार आएगा। उन्होंने आरयूआईडीपी, अमृत 1.0 एवं अमृत 2.0 परियोजनाओं के तहत शहर में संचालित सीवरेज कार्यों की प्रगति की जानकारी ली तथा संबंधित अधिकारियों को कार्यों में गति लाने एवं बेहतर समन्वय सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने नगर निगम को अमृत 2.0 के अंतर्गत प्रस्तावित सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट हेतु संबंधित विभागों से आवश्यक अनापत्ति प्रमाण पत्र शीघ्र प्राप्त करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि आरयूआईडीपी पंचम चरण में प्रस्तावित एसटीपी निर्माण के लिए भरतपुर विकास प्राधिकरण को योजना संख्या-13 में आरक्षित भूमि में से उपयुक्त भूमि चिन्हित कर आवश्यक कार्य समय पर पूरा करें।
अधीक्षण अभियन्ता विनोद चौहान ने बताया कि एशियन डेवलपमेंट बैंक द्वारा वित्त पोषित आरयूआईडीपी पंचम चरण की प्रस्तावित योजना में सीवरेज कार्यों के लिए लगभग 182.50 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। परियोजना की विस्तृत परियोजना रिपोर्ट तैयार करने का कार्य नगर निगम द्वारा मैसर्स ग्रीन सिटी सर्वेयर, जयपुर को सौंपा गया है।
इन क्षेत्रों को मिलेगा लाभ-
आयुक्त नगर निगम श्रवण विश्नोई ने बताया कि प्रस्तावित योजना में तकनीकी मानकों को ध्यान में रखते हुए शहर की तिलक नगर, इंदिरा नगर, पैराडाइज कॉलोनी, गिरीश विहार, योजना संख्या-13, जसवंत नगर, विमल कुंज, सूर्य सिटी सहित विभिन्न विकसित एवं विस्तारशील कॉलोनियों को सीवरेज नेटवर्क से जोड़ने का प्रस्ताव रखा गया है। जिससे हजारों नागरिकों को बेहतर स्वच्छता एवं आधुनिक शहरी सुविधाओं का लाभ मिल सकेगा। इस अवसर पर अधीक्षण अभियन्ता बीडीए योगेश माथुर, आरयूआईडीपी के राजुल शर्मा, जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग के केशवदेव पाण्डेय, भरतपुर विकास प्राधिकरण नगर निगम, नगर नियोजन विभाग सहित विभिन्न विभागों के अधिकारियों ने भाग लिया तथा परियोजना के सफल क्रियान्वयन हेतु आवश्यक सुझाव एवं विचार साझा किए।


