पीपलूंद बाईपास निर्माण में चारागाह भूमि से अवैध मिट्टी दोहन का आरोप, ग्रामीणों ने एसडीएम को सौंपा ज्ञापन
जहाजपुर (मोहम्मद आज़ाद नेब) ग्राम पीपलूंद के ग्रामीणों ने पीपलूंद बाईपास निर्माण कार्य में चारागाह भूमि से अवैध रूप से मिट्टी दोहन लेकर सावन टांक के नेतृत्व में उपखंड अधिकारी क्षत्रपाल सिंह चौधरी को ज्ञापन सौंपकर निष्पक्ष जांच एवं कार्रवाई की मांग की।
ज्ञापन में ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि पीपलूंद में निर्माणाधीन बाईपास सड़क के ठेकेदार द्वारा चारागाह भूमि से बिना अनुमति बड़े पैमाने पर मिट्टी की खुदाई कर उसे सड़क निर्माण कार्य में उपयोग किया जा रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि करीब 50 बीघा से अधिक चारागाह भूमि को नुकसान पहुंचाया गया है तथा हजारों पेड़-पौधे उखाड़ दिए गए हैं, जिससे चारागाह का स्वरूप बिगड़ गया है और पशुओं के लिए चारे का संकट उत्पन्न हो गया है।
ग्रामीणों ने यह भी आरोप लगाया कि मामले की जानकारी ग्राम सचिव, पटवारी, तहसीलदार एवं अन्य अधिकारियों को देने के बावजूद अब तक कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं की गई। ज्ञापन में राजनीतिक संरक्षण के कारण कार्रवाई नहीं होने तथा
शिकायतकर्ताओं को धमकियां मिलने का भी उल्लेख किया गया है।
ग्रामीणों ने उपखंड अधिकारी से मांग की कि मामले की निष्पक्ष जांच कराई जाए, चारागाह भूमि से मिट्टी दोहन की जांच कर दोषियों के विरुद्ध कठोर कानूनी कार्रवाई की जाए। साथ ही अवैध खनन पर जुर्माना लगाने, ठेकेदार का ठेका निरस्त करने तथा इस कार्य में सहयोग करने वाले व्यक्तियों की भूमिका की भी जांच कराने की मांग की गई।
ग्रामीणों ने चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगों पर उचित कार्रवाई नहीं हुई तो वे शांतिपूर्ण आंदोलन करने को मजबूर होंगे, जिसकी जिम्मेदारी प्रशासन की होगी।
इस दौरान कांग्रेस ब्लॉक अध्यक्ष देवेन्द्र सिंह, मुकेश जाट, अनिल उपाध्याय सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे और प्रशासन से चारागाह भूमि की सुरक्षा तथा अवैध खनन पर रोक लगाने की मांग की।


