22 दिनों से जारी धरने से चरमराई शहर की सफाई व्यवस्था; लोढ़ा ने दी कार्रवाई की चेतावनी, आयुक्त ने दिया जल्द वेतन भुगतान का आश्वासन
सिरोही (रमेश सुथार)। नगर परिषद सिरोही में ठेका प्रणाली के तहत कार्यरत सफाई कर्मचारियों की लंबित मजदूरी को लेकर पिछले 22 दिनों से जारी अनिश्चितकालीन धरना-प्रदर्शन के बीच गुरुवार को पूर्व विधायक संयम लोढ़ा धरना स्थल पहुंचे। उन्होंने कर्मचारियों की समस्याएं गंभीरता से सुनने के बाद नगर परिषद आयुक्त को मौके पर ही बुलाकर अविलंब समाधान करने की मांग रखी।
आयुक्त को मौके पर बुलाया, कहा- "भुगतान के बिना नहीं उठूंगा"
धरना स्थल पर पूर्व विधायक लोढ़ा ने सख्त रुख अपनाते हुए आयुक्त से कहा कि जब तक सफाई कर्मचारियों के बकाया वेतन के भुगतान की स्पष्ट व्यवस्था नहीं होती, तब तक वे धरना स्थल से नहीं हटेंगे। उन्होंने कहा कि दिन-रात शहर की सफाई व्यवस्था संभालने वाले कर्मचारियों को महीनों तक मजदूरी से वंचित रखना सरासर अन्याय है।
ठेकेदार का 7 माह का भुगतान बकाया, एक माह का फंड जारी
बातचीत के दौरान नगर परिषद आयुक्त ने बताया कि सफाई ठेकेदार का नगर परिषद पर सात माह का भुगतान बकाया चल रहा है। इसके बावजूद कर्मचारियों को राहत देने के उद्देश्य से ठेकेदार के खाते में एक माह का भुगतान जारी कर दिया गया है, जिससे कर्मचारियों को वेतन बांटा जाएगा। इस पर संयम लोढ़ा ने नाराजगी जताते हुए चेतावनी दी कि यदि कर्मचारियों को परेशान करना बंद नहीं किया गया तो संबंधित अधिकारियों व ठेकेदार के खिलाफ एससी/एसटी (अत्याचार निवारण) अधिनियम के तहत कानूनी रास्ता अपनाया जाएगा।
सोमवार तक भुगतान के आश्वासन पर बनी सहमति
लंबी वार्ता के बाद नगर परिषद आयुक्त ने सोमवार तक सभी सफाई कर्मचारियों के लंबित भुगतान का लिखित व मौखिक आश्वासन दिया, जिसके बाद कर्मचारियों ने प्रशासन को सोमवार तक का समय दिया। पूर्व विधायक लोढ़ा ने कहा कि 22 दिन की हड़ताल से शहर की सफाई, सीवरेज, रोडलाइट व सड़कों की स्थिति पूरी तरह चरमरा गई है और आमजन परेशान है। इस दौरान नगर कांग्रेस अध्यक्ष पुनीत जैन, उपसभापति जितेंद्र सिंघी सहित बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता, सफाई कर्मचारी और शहरवासी मौजूद रहे।

