अंगदान महादान: जन-जागरूकता में झुंझुनूं प्रदेश में दूसरे और देश में तीसरे स्थान पर, जयपुर में जिला कलेक्टर सहित पूरी टीम सम्मानित
झुंझुनूं/जयपुर। अंगदान के प्रति जन-जागरूकता फैलाने और नागरिकों को इस महादान से जोड़ने के मामले में झुंझुनूं जिले ने नया इतिहास रचा है। जिले ने इस अभियान में पूरे राजस्थान में दूसरा और देश में तीसरा स्थान हासिल किया है। इस अभूतपूर्व उपलब्धि पर बुधवार को जयपुर स्थित एसएमएस मेडिकल कॉलेज के सभागार में आयोजित राज्य स्तरीय अंगदान जागरूकता समारोह में झुंझुनूं की टीम को विशेष रूप से सम्मानित किया गया।
चिकित्सा मंत्री और प्रमुख शासन सचिव ने किया सम्मानित
राज्य स्तरीय समारोह में चिकित्सा एवं स्वास्थ्य मंत्री गजेंद्र सिंह खींवसर तथा चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग की प्रमुख शासन सचिव गायत्री राठौड़ ने झुंझुनूं टीम के प्रयासों की सराहना की। उन्होंने जिला कलेक्टर डॉ. अरुण गर्ग, सीएमएचओ (CMHO) डॉ. छोटेलाल गुर्जर, झुंझुनूं मेडिकल कॉलेज के डॉ. दीपक तंवर और डीपीओ (DPO) सियाराम पूनिया को मंच पर सम्मानित कर प्रशस्ति पत्र प्रदान किया।
19,081 नागरिकों ने भरा संकल्प पत्र, बना राष्ट्रीय रिकॉर्ड
विशेष अभियान के तहत 1 जुलाई से 31 जुलाई तक चलाए गए जागरूकता कार्यक्रमों के परिणामस्वरूप झुंझुनूं के 19,081 नागरिकों ने स्वेच्छा से अंगदान के संकल्प पत्र भरे। इन आंकड़ों के साथ झुंझुनूं जिले ने राज्य में भीलवाड़ा के बाद दूसरा और राष्ट्रीय स्तर पर तीसरा स्थान प्राप्त कर एक मिसाल कायम की है।
"अंगदान अनेक गंभीर बीमारियों से जूझ रहे लोगों के लिए नई जिंदगी"
समारोह को संबोधित करते हुए चिकित्सा मंत्री गजेंद्र सिंह खींवसर ने कहा कि अंगदान अनेक जरूरतमंद और गंभीर रूप से बीमार लोगों के जीवन में नई उम्मीद का संचार करता है। उन्होंने समाज में अंगदान से जुड़ी भ्रांतियों को दूर करने और आमजन को इस पुनीत कार्य से जोड़ने के लिए निरंतर जन-अभियान चलाने पर जोर दिया।

