गांव में नहीं है पक्की सड़क रिश्ता करने से कतराते हैं लोग
लक्ष्मणगढ़ (अलवर ) कमलेश जैन
तहसील क्षेत्र अंतर्गत राजस्व ग्राम धोली कोठी मौजपुर का रास्ता , जोकि कजोड़ी के घर से धोली कोठी कुआं और हाजी का बास को जाता है। आज भी कच्चा पड़ा हुआ है।
ग्राम पंचायत मौजपुर में लगने वाले राजस्व गांव आज तक ग्राम पंचायत मुख्यालय मौजपुर से पक्की सड़क से नहीं जुड़ा है। गांव का समुचित विकास नहीं हो पाया है।गांव में जाने के लिए सड़क नहीं है। गांव के लोग बरसात के दिनों में श्रमदान कर रास्ता बनाते हैं। गांव में पक्की सड़क नहीं होने से युवक-युवतियों की शादी नहीं हो पा रही है। मेहमान आते हैं, लेकिन सड़क नहीं रहने की बात कह कर शादी से इनकार कर देते हैं। सड़क के अभाव में लोग पगडंडियों के सहारे आवागमन करते हैं। सबसे अधिक परेशानी बरसात के मौसम में होती है। कच्ची सड़क पर पैदल चलना भी मुश्किल हो जाता है। बीमारों व गर्भवती महिलाओं को चारपाई पर लिटा कर पैदल चल कर पक्की सड़क तक ले जाना पड़ता है।
पक्की सड़क नहीं होने से लोगों को खासकर बारिश के मौसम में, कच्ची सड़क दलदल बन जाती हैं, जिससे आवागमन मुश्किल हो जाता है। इससे न केवल लोगों को, बल्कि छात्रों, नौकरीपेशा लोगों और बीमार लोगों को भी परेशानी होती है।
कच्ची सड़कें बारिश में कीचड़ से भर जाती हैं, जिससे पैदल चलना या वाहनों से यात्रा करना मुश्किल हो जाता है।
बीमार लोगों को अस्पताल ले जाने में देरी और आपातकालीन सेवाएं भी बाधित होती हैं।
कांग्रेस पार्टी के हारुन खान , सल्लू खान ने बताया कि गांव में सड़क नहीं है, जिसके कारण काफी परेशानी होती हैं। इलाज के लिए अस्पताल ले जाने और बच्चों को स्कूल आने-जाने में काफी परेशानी होती है। जब-जब चुनाव आता है, नेता वोट मांगने चले आते हैं। चुनाव के वक्त सभी सड़क बनाने का वादा करते हैं, लेकिन जीतने के बाद भूल जाते हैं। सड़क नहीं रहने के कारण विकास नहीं हो पा रहा है। इस सड़क को बनाने की ओर किसी का ध्यान नहीं है।