जिला स्तर पर सम्मानित होने वाले वैर विधानसभा क्षेत्र के बीएलओ ने बताई अपनी योजनाऐं
भरतपुर (कौशलेंद्र दत्तात्रेय) जिला स्तर पर सम्मानित होने वाले वैर विधानसभा क्षेत्र के सीता मतदान केंद्र के बीएलओ रामसिंह गुर्जर का लक्ष्य 1041 मतदाता थे जिनमें 07 मतदाता शिफ्टेड अथवा जिनकी मृत्यु हो गई थी। सभी मतदाताओं का घर-घर जाकर गणना प्रपत्र तैयार करवाये। गांव का व्हाट्सएप ग्रुप बनाकर उसमें निरंतर सूचनाऐं दी जिससे सभी लोग सक्रिय हुए। स्कूल के शिक्षकों के सक्रिय सहयोग से सभी प्रपत्रों को ऑनलाइन किया गया। उसके द्वारा 15 घंटे तक काम किया गया।
बयाना विधानसभा क्षेत्र के राजेंद्र सिंह ने बताया कि स्कूल की प्रार्थना सभा में सभी बच्चों को एसआईआर के बारे में जानकारी देकर अपने अभिभावकों से आवश्यक दस्तावेज व फोटो तैयार करवाने का संदेश पहुंचाया, जिससे समय पर लक्ष्य पूरे कर सके।
नदबई विधानसभा क्षेत्र के उदय सिंह ने बताया कि 4 नवंबर तक घर-घर सूचना पहुंचा दी थी। गांव का वाटसएप ग्रुप बनाकर नियमित मैसेज किया। जो महिलाएं अन्य जिलों या प्रदेशों से आई हैं उनका एक रजिस्टर संधारित कर डाटा एकत्रित किया और संबंधित बीएलओ से सूचना प्राप्त की। रात्रि के समय नेट अच्छा काम करता है इस दौरान सभी फार्माे को ऑनलाइन किया और लक्ष्य पूरे किए।
नइबई विधानसभा क्षेत्र के भाग संख्या 123 के शंकर दयाल शर्मा ने बताया एसआईआर के बारे में घर-घर जाकर पूरी जानकारी दी, अन्य जिलों व प्रदेशों से आई महिलाओं को सूची बनाकर फॉर्म तैयार किया और घर-घर जाकर फॉर्म एकत्रित कर रात्रि को बैठकर सभी फार्माे को ऑनलाइन किया।
बयाना के पुष्पेंद्र शर्मा ने बताया कि मतदाता सूची को एक्सेल शीट में तैयार कर अन्य जिलों में प्रदेशों से आई महिलाओं का डाटा एकत्रित किया, इंटर्नशिप व आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं, वालंटियर के सहयोग से सारे फॉर्म तैयार करवा कर रात्रि के समय नेट की उपलब्धता सही रहने पर सभी फार्माे को ऑनलाइन किया गया।
जिले में 66.53 प्रतिशत प्रपत्र डिजिटाईज्ड-
उप जिला निर्वाचन अधिकारी एवं एडीएम ने बताया कि जिले में शनिवार को प्रातः 10 बजे तक 11 लाख 33 हजार 881 मतदाताओं में से 7 लाख 54 हजार 401 मतदाताओं के गणना प्रपत्र बीएलओ द्वारा डिजिटाईज्ड किये जा चुके हैं जिनका प्रतिशत 66.53 है। उन्होंने बताया कि भरतपुर में 54.18 प्रतिशत, नदबई में 64.32 प्रतिशत, वैर में 75.52 प्रतिशत, बयाना में 72.94 प्रतिशत गणना प्रपत्र डिजिटाईज्ड किये जा चुके है।