भरतपुर, (कौशलेन्द्र दत्तात्रेय) जल संसाधन एवं जिला प्रभारी मंत्री सुरेश सिंह रावत ने कहा कि वीबीजी आरएएमजी (टठळ त्।ड ळ) में ग्रामीण क्षेत्र में आधारभूत विकास के साथ 125 दिवस रोजगार की गारंटी व समय पर भुगतान मिलेगा। योजना की सही प्रकार मॉनिटरिंग एवं पारदर्शिता से कार्य होगें।
जिला प्रभारी मंत्री सोमवार को सेवर ब्लॉक के ग्राम इकरन में आयोजित रात्रि चौपाल एवं संवाद कार्यक्रम में जमसमुह को सम्बोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि केंद्र व राज्य सरकार मिलकर जनहित के निर्णय ले रही है जिससे देश-प्रदेश में आमजन को योजनाओं का पारदर्शिता से लाभ मिलेगा। उन्होंने कहा कि आमजन को योजनाओं का लाभ समय पर मिले, समस्याओं का त्वरित निराकरण हो इसके लिए अधिकारियों को पाबंद किया गया है। राज्य बजट में जन-भागीदारी सुनिश्चित करने के लिए सामाजिक संगठनों सहित विभिन्न स्टेकहोल्डर्स से सीधे सुझाव लिए जा रहे हैं।
उन्होंने कहा कि ग्रामीणों को केन्द्र एवं राज्य सरकार कर योजनाओं की जानकारी मिले तथा पारदर्शिता से लाभान्वित किया जाये इसके लिए रात्रि चौपाल आयाजित की जा रही है। उन्होंने सभी अधिकारियों को चौपाल में आमजन के बीच रहकर समस्याओं का मौके पर निराकरण करने के निर्देश दिये।
वीबी-जी राम जी एक ऐतिहासिक पहल-
जिला प्रभारी मंत्री ने ग्रामीण अर्थव्यवस्था को नई मजबूती देने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा लाए गए ’विकसित भारत-रोजगार एवं आजीविका मिशन (ग्रामीण) गारंटी अधिनियम, 2025’ को मील का पत्थर बताया। उन्होंने कहा कि यह एक ऐतिहासिक पहल है यह कानून पुरानी मनरेगा योजना का परिष्कृत रूप है, जो कमियों को दूर करेगा।
उन्होंने कहा कि अब ग्रामीणों को साल में 125 दिन के रोजगार की कानूनी गारंटी मिलेगी। इस योजना के तहत अब केवल कच्चे काम नहीं होंगे, बल्कि स्थायी संपत्तियों का भी निर्माण होगा, जिससे गांव आत्मनिर्भर बनेंगे। योजना की सबसे बड़ी विशेषता इसकी पारदर्शिता है, जिसमें एआई, जियो-टैगिंग और सैटेलाइट इमेजरी के माध्यम से कार्यों की निगरानी होगी और हर छह महीने में डिजिटल सोशल ऑडिट किया जाना अनिवार्य होगा।
जिला प्रभारी मंत्री ने कहा कि योजना में श्रमिकों के हितों का ध्यान रखते हुए साप्ताहिक भुगतान को अनिवार्य किया गया है और दो सप्ताह से अधिक की देरी होने पर स्वतः मुआवजे का कड़ा प्रावधान रखा गया है। उन्होंने कहा कि किसानों को फसल कटाई के समय मजदूर मिलने की समस्या रहती थी इस योजना में फसल कटाई के समय ब्रेक रहेगा।
ग्रामीणों से किया सीधा संवाद-
जिला प्रभारी मंत्री ने चौपाल में ग्रामीणों से सीधा संवाद कर उनकी समस्याओं को सुना तथा संबन्धित अधिकारियों को त्वरित निराकरण करने के निर्देश दिये। उन्होंने क्षेत्र में पानी भराव की समस्या के निराकरण के लिए खेमला नाले स्वीकृति की जानकारी दी तथा खेल मैदान विकास के लिए ग्रामीणों का आश्वस्त किया। उन्होंने कहा कि रात्रि चौपाल में गरीब, किसान मजदूरों के बीच बैठकर उनको योजनाओं का लाभ देने व समस्याओं के निराकरण का कार्य जारी रहेगा। मुख्य कार्यकारी अधिकारी जिला परिषद मृदुलसिंह ने वीबी जीरामजी अधिनियम के प्रावधानों के बारे में विस्तार से बताया।
रात्रि चौपाल में जिला कलक्टर कमर चौधरी, जिला पुलिस अधीक्षक दिगंत आनंद, अतिरिक्त कलक्टर प्रशासन घनश्याम शर्मा सभी विभागों के जिला स्तरीय अधिकारी, ग्राम पंचायत प्रशासक नेमसिंह, नरेश बंसल, भगवानदास, सत्येन्द्र गोयल सहित स्थानीय जनप्रतिनिधि एवं बड़ी संख्या में आमजन उपस्थित रहे।