जोधपुरा में भव्य समारोह के साथ मनाई गई महात्मा ज्योतिबा फुले की जयंती; शिक्षा ही समाज को अंधविश्वास से मुक्त कर उजाले की ओर ले जाएगी- रतन
उदयपुरवाटी (सुमेरसिंह राव) महान समाज सुधारक एवं शिक्षा के क्रांतिदूत महात्मा ज्योतिबा फुले की 199वीं जयंती के अवसर पर ग्राम जोधपुरा में एक भव्य समारोह का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में वक्ताओं ने महात्मा फुले के बताए मार्ग पर चलने और शिक्षित समाज के निर्माण का संकल्प लिया।
कार्यक्रम की अध्यक्षता भवानी सिंह शेखावत ने की, जबकि विशिष्ट अतिथि के रूप में रीछपाल सैनी एवं अमरचंद गुर्जर उपस्थित रहे। समारोह का शुभारंभ अतिथियों द्वारा महात्मा ज्योतिबा फुले एवं माता सावित्रीबाई फुले के चित्र पर माल्यार्पण व पुष्पांजलि अर्पित कर किया गया।
आदिवासी कांग्रेस के जिलाध्यक्ष रतन मीणा जोधपुरा ने मुख्य वक्ता के रूप में संबोधित करते हुए कहा कि शिक्षा ही वह एकमात्र माध्यम है जो व्यक्ति को अंधकार से उजाले की ओर ले जा सकती है। उन्होंने वैज्ञानिक सोच को बढ़ावा देने और अंधविश्वास मुक्त समाज की स्थापना का आह्वान किया। मीणा ने जोर देकर कहा कि देश की आधी आबादी (बालिकाओं) का शिक्षित होना अत्यंत आवश्यक है, क्योंकि उनके शिक्षित हुए बिना देश प्रगति के वांछित आयाम स्थापित नहीं कर पाएगा। उन्होंने संसाधनों के अभाव में शिक्षा से वंचित रह रहे पिछड़ा, दलित एवं आदिवासी समाज के बच्चों की शिक्षा पर भी चिंता व्यक्त की।
समारोह के दौरान ज्योति गुर्जर ने महात्मा ज्योतिबा फुले के जीवन संघर्ष पर प्रकाश डाला। स्वागत भाषण देते हुए गुमान सिंह गुर्जर ने कहा कि हमें महात्मा फुले के जीवन को आदर्श मानकर अपने आचरण में सुधार करना चाहिए।
इस अवसर पर उप सरपंच शीशपाल, नेमीचंद बाल्मीकि, मुकेश सैनी, प्रकाश सैनी, विजेंद्र सैनी, पप्पू राम सैनी, भूपेन्द्र मीणा, शैतान गुर्जर, विक्रम सैनी, छोटूराम सैनी, रूप चंद सैनी, पूजा मीना, मनीषा सैन, नविन्दा वर्मा, सुरेन्द्र गुर्जर, आदित्य सैनी, वेदप्रकाश, रोहित मीणा सहित सैकड़ों की संख्या में ग्रामीण एवं गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।

