संत बालकदास महाराज व साधु बाबा के सानिध्य में हो रहा श्रीराम यज्ञ, 20 अक्टूबर को सजेगा अंतरराष्ट्रीय संत सम्मेलन
हलैना (भरतपुर) विष्णु मित्तल
भरतपुर जिले के हलैना क्षेत्र स्थित टुंडपुरा में गुरु माया आश्रम पर इन दिनों अध्यात्म, संस्कृति और भक्ति की त्रिवेणी बह रही है। श्री गुरु माया भक्त मंडल एवं सिद्ध पुरुष स्वर्गीय रंगली भगत जी महाराज के शिष्यों के तत्वावधान में आयोजित 71वां दशहरा व नवरात्र उत्सव क्षेत्र में आस्था का बड़ा केंद्र बना हुआ है।
संत बालकदास महाराज और साधु बाबा के पावन सानिध्य में 11 अक्टूबर से शुरू हुए इस भव्य अनुष्ठान के तहत प्रतिदिन अखंड रामायण पाठ, श्रीराम यज्ञ और मानव एवं संत सेवा के कार्यक्रम अनवरत जारी हैं।
सवा लाख वेदमंत्रों की गूंज और यज्ञ में आहुतियां
आश्रम में चल रहे श्रीराम यज्ञ के दौरान प्रतिदिन सवा लाख वेदमंत्रों की आहुतियां दी जा रही हैं। इस धार्मिक अनुष्ठान में भाग लेने के लिए डीग, भरतपुर, अलवर, दौसा, करौली, मथुरा, धौलपुर, सवाई माधोपुर, टोंक, जयपुर और कोटा सहित कई जिलों से बड़ी संख्या में भक्त पहुंच रहे हैं। ये श्रद्धालु न केवल यज्ञ में आहुतियां दे रहे हैं, बल्कि आश्रम पर ही रहकर शारदीय नवरात्र की साधना भी कर रहे हैं।
महा आरती और प्रसादी का आयोजन
प्रतिदिन संध्या के समय गुरु माया एवं यज्ञ शाला की भव्य महा आरती का आयोजन किया जा रहा है, जिसमें सैकड़ों की संख्या में श्रद्धालु शामिल होकर आशीर्वाद प्राप्त कर रहे हैं। आरती के पश्चात विशाल प्रसादी का वितरण होता है, जिसमें सभी भक्त प्रसाद ग्रहण कर कृतार्थ हो रहे हैं।
20 अक्टूबर को सजेगा अंतरराष्ट्रीय संत सम्मेलन
कार्यक्रम के अगले और मुख्य पड़ाव के तहत 20 अक्टूबर को एक भव्य अंतरराष्ट्रीय स्तर के संत सम्मेलन का आयोजन किया जाएगा। इसमें देश के कोने-कोने से प्रख्यात संत-महात्माओं के साथ-साथ नेपाल से भी कई विशिष्ट संतों का आगमन होगा। इसी दिन श्रीराम यज्ञ की पूर्णाहुति और विशाल भंडारे के साथ इस अनुष्ठान का समापन होगा।
संतों और भक्तों की सेवा में जुटे सेवक
इस विशाल आयोजन को सफल बनाने में आश्रम के परशुराम पुजारी बाबा, पंडा बाबा, साधु बाबा, संतोष बाबा और अब्बे भगत सहित तमाम संत और गणमान्य भक्तगण तन-मन से आश्रम आने वाले अतिथियों, संतों और श्रद्धालुओं की सेवा में पूरी निष्ठा के साथ जुटे हुए हैं।

