अंजुमन इत्तिहाद ए बाहमी ने फिल्म उदयपुर फाइल्स के रिलीज पर रोक लगाने की मांग को लेकर जिला कलेक्टर को सौंपा ज्ञापन
सुप्रीम कोर्ट के निर्णय तक फिल्म पर प्रतिबंध लगाने की रखी मांग।
बारां (राजस्थान) अंजुमन इत्तिहाद ए बाहमी के पदाधिकारियों ने फिल्म उदयपुर फाइल्स के रिलीज पर रोक लगाने की मांग को लेकर राष्ट्रपति द्रोपदी मुर्मू के नाम जिला कलेक्टर बारां रोहिताश् तोमर को ज्ञापन सौंपा
अंजुमन इत्तिहाद ए बाहमी के सचिव आबिद हुसैन ने ज्ञापन में बताया कि राजस्थान में 36 कौम की आबादी के बाववजूद हिन्दू और मुस्लिम एकता की वो मिशाल देखने को मिली है, जिसे पूरे देश ने सराहा है, लेकिन शायद कुछ लोगों को प्रदेश की शांति और और कानून व्यवस्था पसंद नही आ रही और प्रदेश की गंगा-जमनी तहजीब को चुनौति देने की संभावना बन सकती है। उन्होने बताया कि पिछले दिनों एक हिन्दी फिल्म उदयपुर फाइल्स का टे्रलर रिलीज हुआ, जिसके अन्दर कई ऐसे तथ्यों को दिखाया गया है, जिसमें इस्लाम धर्म और मुस्लिम समुदाय को जानबूझकर टारगेट किया जा रहा है।
उक्त फिल्म को 11 जुलाई को रिलीज किया जा रहा है, संभवत प्रदेश में भी इसी दिन रिलीज की जाएगी। उन्होने बताया कि फिल्म को लेकर कई मुस्लिम और समाजसेवी संगठनों ने सर्वोच्च न्यायालय में फिल्म के रिलीज को रोके जाने को लेकर याचिकाएं दाखिल की गई है। जो अभी विचाराधीन है, जिसकी सुनवाई भी जल्द होने की संभावना है। इस फिल्म में एक घटना जो कुछ वर्ष पहले राजस्थान में घटित हुई और अभी न्यायालय में विचाराधीन है उसी घटना के कुछ अंश दिखाए गए है, किन्तु न्यायालय में विचाराधीन किसी मामले पर पहले से एक सोच को कायम करना उचित नही है, इस दोरान नासिर मिर्जा, जाकिर पार्षद,हसीब भाई, अज्जू भाई, सईद भाई डिस्क, बबलू भाई, अब्दुल मतीन, वासीद, मोलाना इम्तियाज आदि सदस्य मोजूद रहे

