आर्थिक समृद्धि, सतत् विकास एवं समावेशी प्रगति के लिए ‘विकसित राजस्थान/2047’ विजन डॉक्यूमेंट का अनुमोदन
जयपुर/ कोटपूतली- बहरोड़ (भारत कुमार शर्मा) 27 अगस्त। राजस्थान की विकास यात्रा को नई ऊँचाइयों तक पहुँचाने के संकल्प के साथ मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा की अध्यक्षता में आयोजित मंत्रिमण्डल की बैठक में ‘विकसित राजस्थान/2047’ विजन डॉक्यूमेंट को अनुमोदित किया गया। यह दस्तावेज़ प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की परिकल्पना—भारत को वर्ष 2047 तक विकसित राष्ट्र बनाने—के अनुरूप है और प्रदेश को आर्थिक समृद्धि, सतत विकास तथा समावेशी प्रगति की दिशा में सशक्त, आत्मनिर्भर और प्रगतिशील बनाने का ठोस खाका प्रस्तुत करता है।
विजन डॉक्यूमेंट राजस्थान को वर्ष 2030 तक 350 बिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था और वर्ष 2047 तक 4.3 ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था में परिवर्तित करने का लक्ष्य निर्धारित करता है। यह महत्वाकांक्षी लक्ष्य प्रदेश की सामर्थ्य, संसाधन और सरकार की दृढ़ इच्छाशक्ति का प्रतीक है। मंत्रिमण्डल के इस निर्णय के माध्यम से राज्य सरकार ने यह स्पष्ट कर दिया है कि राजस्थान का भविष्य सशक्त योजनाओं, ठोस नीतियों और दूरदर्शी दृष्टिकोण पर आधारित होगा।
इस दस्तावेज़ में जनकल्याण एवं सामाजिक सशक्तीकरण, रोजगार सृजन, भविष्य उन्मुख भौतिक अवसंरचना, सतत विकास, नीति एवं शासन की मजबूती जैसी प्रमुख थीम्स को केंद्र में रखा गया है। सरकार ने शिक्षा, स्वास्थ्य, जल प्रबंधन, ऊर्जा और पर्यावरण जैसे क्षेत्रों में दीर्घकालिक योजनाओं का खाका प्रस्तुत किया है ताकि विकास का लाभ समाज के प्रत्येक वर्ग तक पहुँचे और राज्य प्रगतिशीलता की नई मिसाल कायम कर सके।
विजन डॉक्यूमेंट शत-प्रतिशत साक्षरता, छात्र-केंद्रित एवं कौशल-आधारित शिक्षा प्रणाली, युवाओं और महिलाओं के सशक्तिकरण, गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाओं की सार्वभौमिक उपलब्धता, सतत जल प्रबंधन, स्मार्ट शहरीकरण, किफायती आवास और आधुनिक परिवहन प्रणाली पर विशेष बल देता है। साथ ही इसमें पर्यावरण संरक्षण और हरित ऊर्जा को प्राथमिकता देकर सतत विकास का मार्ग प्रशस्त किया गया है।
मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के नेतृत्व में यह निर्णय राजस्थान की प्रगतिशील सोच और दूरदर्शी नेतृत्व का पर्याय है। यह विजन डॉक्यूमेंट आने वाली पीढ़ियों के लिए आत्मनिर्भरता, समृद्धि और अवसरों का आधार बनेगा। ‘विकसित राजस्थान/2047’ न केवल प्रदेश के भविष्य की रूपरेखा है, बल्कि यह प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के विकसित भारत विजन का सशक्त प्रतिबिंब भी है।