सर्वजातीय एवं सामूहिक विवाह सम्मेलन आज के समय की बड़ी जरूरत - जूली
सामाजिक समरसता के ऐसे समागम फिजूल खर्ची पर रोकथाम लगाते है, ऐसे आयोजनों को बढ़ावा दिए जाने की आज बेहद आवश्यक -पूर्व केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह
अलवर (राजस्थान) पूर्व केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह एवं नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली ने कहा कि सर्वजातीय एवं सामूहिक विवाह सम्मेलन आज के समय की बड़ी जरूरत है।
उन्होंने कहा कि सामूहिक विवाह को बढ़ावा देने तथा सभी वर्गों को जागरूक करने की हम सभी की सामूहिक जिम्मेदारी बनती है, ऐसे आयोजन निश्चित तौर पर समाज में सामाजिक एकता व जागरूकता लाने का कार्य करते हैं।
सिंह व जूली रविवार को सतीश भाटिया चैरिटेबल ट्रस्ट रजि एवं श्री सार्वजनिक गौशाला के संयुक्त तत्वाधान में आयोजित सर्वजातीय सामूहिक विवाह सम्मेलन में वर वधु को आशीर्वाद प्रदान कर रहे थे।
उन्होंने नव दंपतियों को आशीर्वाद देते हुए कहा कि ऐसे आयोजन दहेज मुक्त परंपरा को जहां बढ़ावा देते हैं वहीं सामाजिक एकजुटता का परिचय भी देते है।
उन्होंने कहा कि सामाजिक समरसता के ऐसे समागम फिजूल खर्ची पर रोकथाम लगाते है, ऐसे आयोजनों को बढ़ावा दिए जाने की आज बेहद आवश्यकता है।
उन्होंने कहा कि ऐसा अनूठा विवाह जहां विभिन्न जातियों के वर वधु परिणय सूत्र में बंधकर एक दूजे के हुए, ऐसे आयोजन के माध्यम से सामाजिक समरसता, सादगी और समर्पण का दृश्य देखने को मिला।
उन्होंने कहा कि जहां आधुनिकता के चलते लोग लाखों रुपए विवाह पर खर्च कर देते हैं वहीं इस सर्वजातीय विवाह ने सादगी का एक अनूठा उदाहरण प्रस्तुत किया।
उन्होंने कहा कि ऐसे आयोजन करने वाली संस्थाओं की भूमिका की जितनी सराहना की जाए उतनी ही कम है, साथ ही ऐसे समारोह में सहयोग देने से संपन्न लोगों में समर्पण का भाव जागता है, उन्होंने कहा कि समाज के लिए समर्पित और इस अनुकरणीय पहल की हम सभी को आगे बढ़कर पहल करनी चाहिए।
सर्वजातीय सामूहिक विवाह समारोह में जिला अध्यक्ष योगेश मिश्रा, ट्रस्ट के सतीश भाटिया, अजय अग्रवाल, उमरदीन खान, हिम्मत सिंह चौधरी,विश्राम गुर्जर, सिद्धार्थ व्यास, राहुल पटेल, अभय सैनी उपस्थित रहे।