भरतपुर, (कौशलेन्द्र दत्तात्रेय) राजस्थान निवेश प्रोत्साहन योजना-2024 के अंतर्गत जिला उद्योग एवं वाणिज्य केन्द्र को प्राप्त एक औद्योगिक प्रकरण को अतिरिक्त कलक्टर शहर राहुल सैनी की अध्यक्षता में गुरूवार को कलक्ट्रेट में आयोजित जिला स्तरीय स्वीकृति समिति की बैठक में विचारार्थ प्रस्तुत किया गया।
एडीएम सिटी ने विभिन्न विभागों के अधिकारियों को उद्योग क्षेत्र में लंबित प्रकरणों का नियमानुसार त्वरित निस्तारण करने तथा पात्र उद्यमियों को योजना से अधिकाधिक लाभ लेने हेतु प्रेरित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि राजस्थान निवेश प्रोत्साहन योजना के माध्यम से जिले में औद्योगिक निवेश को प्रोत्साहन मिलने के साथ-साथ स्थानीय स्तर पर रोजगार सृजन को भी बढ़ावा मिल रहा है। बैठक में मै. श्रीसितारा इंडस्ट्रीज, 46 बी ओल्ड इंडस्ट्रियल एरिया, भरतपुर को राजस्थान निवेश प्रोत्साहन योजना का लाभ प्रदान करने का निर्णय लिया गया।
जिला उद्योग एवं वाणिज्य केन्द्र के महाप्रबंधक चन्द्रमोहन गुप्ता ने बताया कि राजस्थान निवेश प्रोत्साहन योजना में ईकाई द्वारा 7 वर्षों तक विद्युत शुल्क में शत-प्रतिशत छूट, मंडी, मार्केट शुल्क का शत-प्रतिशत पुनर्भरण का आवेदन किया है। उन्होने बताया कि फर्म द्वारा स्थानीय कर्मचारियों हेतु नियोक्ता अंशदान का 50 प्रतिशत पुनर्भरण, 10 वर्षों तक जमा राज्य कर का 75 प्रतिशत निवेश अनुदान व ब्याज अनुदान तथा अधिकतम 1.5 करोड़ रुपये तक पूंजी निवेश का 50 प्रतिशत पूंजी अनुदान प्रदान किए जाने का दावा किया गया है। उन्होंने बताया कि वर्तमान में इकाई द्वारा 11 व्यक्तियों को रोजगार उपलब्ध कराया गया है।
बैठक में योजना के अंतर्गत स्टाम्प ड्यूटी एवं कन्वर्जन चार्जेज छूट से संबंधित पात्रता प्रमाण पत्रों का भी अनुमोदन विचारार्थ प्रस्तुत किया गया। सदस्य सचिव द्वारा एमएसएमई इकाइयों तथा सोलर पावर प्लांट इकाइयों के लिए जारी 11 पात्रता प्रमाण पत्र समिति के समक्ष रखे गए। जिनमें सोलर प्लांट, स्टोन, होटल एवं स्टोन ग्रिट/डस्ट इकाइयों से संबंधित औद्योगिक प्रतिष्ठान शामिल हैं।
इस दौरान सीटीओ रोहिताश मीना, क्षेत्रीय प्रबन्धक रीको नरेश वर्मा, जिला उद्योग एवं वाणिज्य अधिकारी सूर्यकांत पांडे, विद्युत विभाग से केके वर्मा, अवधेश अवस्थी सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे।