खेरली विनीत प्रकरणः निष्पक्ष जांच की मांग को लेकर पीड़ित परिवार ने 10 अप्रैल से आमरण अनशन की दी चेतावनी
कठूमर (दिनेश लेखी) कस्बा खेरली के बहुचर्चित विनीत प्रकरण को लेकर थाना खेड़लीगंज पुलिस की कार्यशैली से नाराज पीड़ित परिवार ने अब आंदोलन का रास्ता अपनाते हुए 10 अप्रैल से आमरण अनशन करने की चेतावनी दी है। इस संबंध में पीड़ित पक्ष द्वारा उपखंड अधिकारी को ज्ञापन सौंपकर न्याय की मांग की गई।
भरतपुर जिले के तिलचिवी गांव निवासी पीड़ित परिवार के मुखिया थान सिंह सिनसिनवार ने बताया कि उनका भतीजा विनीत कुमार अलवर जिले के कस्बा खेरलीगंज में दुकान करता था। 30 जनवरी को वह संदिग्ध परिस्थितियों में फांसी के फंदे पर लटका मिला। परिजनों का आरोप है कि पुलिस ने मामले को आत्महत्या मानते हुए गंभीरता से जांच नहीं की, जबकि परिवार शुरू से ही इसे सुनियोजित हत्या बता रहा है।
उन्होंने आरोप लगाया कि अनुसंधान अधिकारी ने केवल आत्महत्या की थ्योरी मानकर उच्चाधिकारियों को रिपोर्ट भेज दी, जिससे पूरे मामले की निष्पक्ष जांच प्रभावित हुई। उनका कहना है कि घटना के दो महीने बीत जाने के बाद भी पुलिस किसी ठोस निष्कर्ष तक नहीं पहुंच पाई है, जिससे परिवार में रोष व्याप्त है। पीड़ित परिवार ने चेतावनी दी है कि यदि निष्पक्ष जांच नहीं की गई तो वे 10 अप्रैल से उपखंड अधिकारी एवं उपखंड मजिस्ट्रेट कार्यालय, कठूमर पर परिवार सहित आमरण अनशन शुरू करेंगे.

