गोविंदगढ़ ब्लॉक के विद्यालयो में मनाई गई अंबेडकर जयंती: चित्र पर माल्यार्पण कर दी श्रद्धांजलि, संविधान की उद्देशिका की दिलाई गई शपथ
गोविंदगढ़ (अलवर)। अलवर जिले के गोविंदगढ़ ब्लॉक के विभिन्न राजकीय विद्यालयों में भारत रत्न डॉ. भीमराव अंबेडकर की जयंती हर्षोल्लास और गरिमा के साथ मनाई गई। इस अवसर पर राउमावि गोविन्दगढ़, राजकीय बालिका उमावि गोविन्दगढ़, MGGS रामबास, बड़ौदामेव, राउमावि न्याना, चिड्वाई और फाहरी सहित ब्लॉक के सभी शिक्षण संस्थानों में विशेष कार्यक्रमों का आयोजन किया गया।
कार्यक्रम का शुभारंभ विद्यालय के शिक्षणेत्तर कर्मचारियों, सामाजिक कार्यकर्ताओं और स्थानीय ग्रामीणों द्वारा बाबा साहब के चित्र पर माल्यार्पण और पुष्पांजलि अर्पित कर किया गया। उपस्थित जनसमूह ने सामाजिक न्याय और समतामूलक समाज की स्थापना के लिए डॉ. अंबेडकर के अतुलनीय योगदान को याद किया।
विद्यार्थियों के लिए विशेष सभा और प्रतियोगिताएं
- महात्मा गांधी राजकीय विद्यालय (MGGS) रामबास में कक्षा 6 से 12 तक के छात्रों के लिए एक विशेष सभा आयोजित की गई। सभा में डॉ. अंबेडकर के जीवन संघर्ष, उनकी शैक्षणिक यात्रा और भारतीय संविधान को आकार देने में उनकी महत्वपूर्ण भूमिका पर विस्तृत प्रकाश डाला गया। कक्षा 9 से 12 के विद्यार्थियों के लिए पेपर रीडिंग और चित्रकला प्रतियोगिताएं भी आयोजित की गईं, जिसमें बच्चों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।
संविधान की उद्देशिका की दिलाई शपथ
- एसीबीआईओ (ACBEO) अकबर खान ने विभिन्न विद्यालयों का दौरा किया और कर्मचारियों व विद्यार्थियों को संविधान की उद्देशिका (Preamble) की शपथ दिलाई। उन्होंने अपने संबोधन में कहा, "संविधान केवल एक दस्तावेज नहीं, बल्कि राष्ट्र निर्माण और हमारी लोकतांत्रिक व्यवस्था की नींव है। इसके मूल सिद्धांतों का पालन करना प्रत्येक नागरिक का नैतिक दायित्व है।"
उन्होंने आगे कहा कि संविधान हमें समान अवसर और सामाजिक न्याय का अधिकार देता है। इस आयोजन का मुख्य उद्देश्य नई पीढ़ी में न्याय, स्वतंत्रता, समानता और बंधुत्व के मूल्यों को आत्मसात करना और उन्हें जागरूक नागरिक बनाना है। इस अवसर पर विद्यालय स्टाफ, बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं और क्षेत्र के गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।

