भरतपुर, (कौशलेन्द्र दत्तात्रेय) जल जीवन मिशन के अंतर्गत जिला जल एवं स्वच्छता मिशन की मासिक समीक्षा बैठक मंगलवार को जिला कलेक्ट्रेट सभागार में जिला कलक्टर कमर चौधरी की अध्यक्षता में आयोजित हुई। बैठक में ग्रीष्मकाल के मद्देनजर पेयजल महा-अभियान की विस्तृत समीक्षा करते हुए पेयजल व्यवस्था को सुदृढ़ करने के लिए अधिकारी नियमित मॉनिटरिंग करने के निर्देश दिए।
जिला कलक्टर ने कहा कि राज्य सरकार के निर्देशानुसार जिले में संचालित अभियान के अन्तर्गत ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्रों में जल आपूर्ति व्यवस्थाओं का व्यापक निरीक्षण तथा आवश्यक सुधारात्मक कार्य सुनिश्चित करें। उन्होंने अधिकारियों को हैंडपंपों की मरम्मत एवं पुर्नस्थापना, पाइपलाइन लीकेज की त्वरित दुरुस्ती तथा ट्यूबवेल संचालन में तेजी लाने की बात कही। पेयजल अभियान में धीमी प्रगति पर नाराजगी जताते हुए उन्होंने बयाना, भरतपुर, नदबई एवं वैर क्षेत्र के पीएचईडी अधिकारियों को विभागीय कार्यों में तेजी लाने के निर्देश दिए। साथ ही विकास कार्यों, ट्यूबवेल संचालन तथा हैंडपंपों की स्थापना एवं मरम्मत की दैनिक प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत करना अनिवार्य किया। उन्होंने अधीक्षण अभियंता विद्युत को कहा कि शेष ट्यूबवेलों और प्रक्रियाधीन ट्यूबवेलों के विद्युत कनेक्शन शीघ्र उपलब्ध कराए जाने हेतु सहयोग करें, जिससे आमजन को समय पर पेयजल उपलब्ध हो सके।
26 गांवों में जल टंकियों हेतु करें भूमि चिन्हित-
जिला कलक्टर ने कहा कि मुख्य कार्यकारी अधिकारी जिला परिषद एवं जलदाय विभाग के अधिकारियों को वैर 5 गांव, बयाना 8 गांव, नदबई 8 गांव एवं भरतपुर 5 गांव में जल टंकियों के निर्माण हेतु भूमि चिन्हित कर उपलब्ध कराने के लिए सरपंचों एवं भामाशाहों से समन्वय स्थापित करें जिससे ग्रामीणों को भविष्य में पेयजल व्यवस्था उपलब्ध कराई जा सकें।
उन्होंनेे खेरिया गांव में पाइपलाइन कार्य को तहसीलदार एवं पुलिस प्रशासन के सहयोग से शीघ्र पूर्ण कराने की बात कही। बयाना क्षेत्र में विकास कार्यों की धीमी प्रगति पर संबंधित कार्यकारी एजेंसियों के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई करने के निर्देश भी दिए गए। साथ ही अधीक्षण अभियंता को सभी संवेदकों के साथ नियमित समीक्षा बैठक आयोजित कर कार्यों में तेजी लाने को कहा।
सीएम पोर्टल पर लम्बित प्रकरणों को करें निस्तारित-
उन्होंने कहा कि सीएम पोर्टल पर दर्ज परिवादों की स्वयं मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा द्वारा मॉनिटरिंग की जाती है, अतः सभी अधिकारी लंबित प्रकरणों का समयबद्ध एवं गुणवत्तापूर्ण निस्तारण सुनिश्चित करें तथा परिवादियों से संवाद बनाए रखें। उन्होंने कहा कि शेष राजकीय विद्यालयों, आंगनबाड़ी केंद्रों, पंचायत भवनों एवं चिकित्सा संस्थानों में पेयजल व्यवस्था सुदृढ़ करने हेतु आवश्यकतानुसार ट्यूबवेल, हैंडपंप एवं पाइपलाइन कार्य में प्रगति लाएं। आईसीडीएस उप निदेशक को जलदाय विभाग के साथ समन्वय कर भौतिक सत्यापन करने के निर्देश भी दिए गए।
जिला कलक्टर ने जल जीवन मिशन के अंतर्गत शेष 325 गांवों में हर घर जल प्रमाण पत्र प्राप्त करने के लिए जिला परिषद से समन्वय कर प्रगति तेज करने को कहा। साथ ही जल जीवन मिशन योजना के तहत खोदी गई सड़कों की गुणवत्ता के साथ मरम्मत सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। एडीएम सिटी ने विभागीय एवं न्यायालयीन लंबित प्रकरणों के निस्तारण के लिए नियमित मॉनिटरिंग करने तथा प्रगति से उच्च अधिकारियों को अवगत कराने की बात कही। उन्होंने कहा कि बजट घोषणा 2025-26 के अन्तर्गत विधानसभा क्षेत्रवार हैंडपम्प व ट्यूबवेल हैंडपंप एवं पाइपलाइन कार्य में प्रगति लाएं।
बैठक में जिला परिषद सीईओ मृदुल सिंह, एडीएम सिटी राहुल सैनी, जलदाय अधीक्षण अभियंता नरेंद्र वर्मा, विद्युत अधीक्षण अभियंता रामहेत मीना, चंबल अधीक्षण अभियंता हरिकिशन अग्रवाल, आईसीडीएस उप निदेशक सिकरामाराम सहित अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।