भक्तिमय माहौल में अमरनाथ यात्रा के लिए रवाना हुआ गुरलां का 10 सदस्यीय जत्था
घाटी के बालाजी के दर्शन कर भक्तों ने "बम-बम भोले" के जयकारों के साथ शुरू की 13 दिवसीय यात्रा
गुरलां (बद्री लाल माली)क्षेत्र में इन दिनों भगवान भोलेनाथ के प्रति आस्था का सैलाब उमड़ रहा है। इसी कड़ी में गुरलां क्षेत्र से 10 श्रद्धालुओं का एक जत्था 13 दिवसीय पवित्र अमरनाथ यात्रा के लिए गुरुवार को रवाना हुआ। यात्रा को लेकर श्रद्धालुओं के साथ-साथ स्थानीय ग्रामीणों में भी भारी उत्साह देखा गया।
- बालाजी का आशीर्वाद लेकर किया प्रस्थान
यात्रा पर रवाना होने से पूर्व सभी श्रद्धालु पुर क्षेत्र स्थित प्रसिद्ध 'घाटी के बालाजी' मंदिर पहुंचे। वहाँ श्रद्धालुओं ने विधि-विधान से पूजा-अर्चना की और बालाजी महाराज का भोग लगाकर प्रसाद ग्रहण किया। मंदिर के पुजारी नारायण लाल वैष्णव ने सभी श्रद्धालुओं को रक्षा-सूत्र बांधकर और बालाजी का आशीर्वाद देकर यात्रा के लिए प्रस्थान कराया। पुजारी वैष्णव ने बाबा बर्फानी से सभी यात्रियों की सुरक्षित एवं सफल यात्रा की कामना की।
- पुष्प वर्षा और जयकारों से गूंजा क्षेत्र
पूजा-अर्चना के बाद जब जत्था रवाना हुआ, तो स्थानीय ग्रामीणों और परिजनों ने सभी यात्रियों का तिलक लगाकर, फूल-मालाएं पहनाकर और पुष्प वर्षा कर आत्मीय स्वागत किया। इस दौरान पूरा माहौल "हर हर महादेव" और "बम-बम भोले" के गगनभेदी जयकारों से गूंज उठा और चारों तरफ भक्तिमय वातावरण निर्मित हो गया।
- वैष्णो देवी होते हुए पहुंचेंगे बाबा बर्फानी के द्वार
जत्थे के सदस्य चंद्र प्रकाश माली ने बताया कि 13 दिनों की इस यात्रा के दौरान यह जत्था सबसे पहले जम्मू पहुंचकर माता वैष्णो देवी के दरबार में हाजिरी लगाएगा। इसके बाद टीम पहलगाम और बालटाल बेस कैंप होते हुए पवित्र अमरनाथ गुफा के लिए आगे बढ़ेगी, जहाँ बाबा बर्फानी के अलौकिक दर्शन कर जत्था वापस लौटेगा।
इस धार्मिक यात्रा पर जाने वाले सभी श्रद्धालु माली समाज से हैं। जत्थे में राजकुमार माली गोयल, रतनलाल माली, चंद्र प्रकाश माली, मुरली, राजकुमार माली, रतनी देवी माली, रेखा देवी माली, सीमा देवी माली, निक्की और सीता देवी माली सहित कुल 10 श्रद्धालु शामिल हैं। स्थानीय निवासियों ने सभी यात्रियों की सुखद और मंगलमय यात्रा की कामना करते हुए उन्हें भावभीनी विदाई दी।


