धरना-प्रदर्शन के बाद मुख्यमंत्री के नाम सौंपा ज्ञापन, वन्य जीवों के बढ़ते हमलों और मुआवजे में देरी पर जताया आक्रोश
नारायणपुर उपखंड मुख्यालय पर सोमवार को किसानों और ग्रामीणों ने वन्य जीवों के बढ़ते हमलों, मुआवजे में हो रही देरी तथा वन विभाग द्वारा पंचायत एवं राजस्व भूमि में कथित हस्तक्षेप के विरोध में जोरदार प्रदर्शन किया। सामाजिक कार्यकर्ता राकेश दायमा के नेतृत्व में आयोजित धरना करीब तीन से चार घंटे तक शांतिपूर्ण ढंग से चला। प्रदर्शन के बाद किसानों ने एसडीएम के माध्यम से मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपकर समस्याओं के शीघ्र समाधान की मांग की। प्रदर्शन के दौरान किसानों ने बताया कि बानसूर-नारायणपुर क्षेत्र के कई गांवों में तेंदुए समेत अन्य वन्य जीवों की गतिविधियां लगातार बढ़ रही हैं। इनके हमलों में पशुओं की मौत होने से किसानों और पशुपालकों को भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ रहा है।
ग्रामीणों का कहना है कि पशुपालन उनकी आजीविका का प्रमुख साधन है, लेकिन नुकसान के बावजूद प्रभावित परिवारों को समय पर मुआवजा नहीं मिल रहा, जिससे उनकी आर्थिक स्थिति और खराब हो रही है। ज्ञापन में किसानों ने वन विभाग पर पंचायत एवं राजस्व रिकॉर्ड में दर्ज भूमि में अनावश्यक हस्तक्षेप करने का भी आरोप लगाया। उनका कहना है कि इससे पंचायतों के विकास कार्य, सार्वजनिक रास्ते, चारागाह भूमि और अन्य जनहित के कार्य प्रभावित हो रहे हैं। किसानों ने सरकार से मांग की कि वन्य जीवों के बढ़ते हमलों पर प्रभावी नियंत्रण किया जाए, पीड़ित परिवारों को शीघ्र मुआवजा उपलब्ध कराया जाए तथा पंचायत एवं राजस्व भूमि से जुड़े मामलों में अनावश्यक हस्तक्षेप रोका जाए। प्रदर्शन के दौरान किसानों ने अपनी मांगों के समर्थन में नारेबाजी करते हुए जल्द कार्रवाई नहीं होने पर आंदोलन तेज करने की चेतावनी भी दी।


