भरतपुर (लेखेन्द्र सिंह बंशीवाल ) रूपवास कस्बे के मुख्य बाजार में डीएसटी भरतपुर ने किराना दुकान पर कार्यवाही कर ई सिगरेट बरामद की। जानकारी के अनुसार डीएसटी प्रभारी मुकेश मेघवाल स्थानीय पुलिस के साथ कस्बे के रामप्रसाद राजेश कुमार किराना स्टोर पर कार्यवाही की गई। कार्यवाही के दौरान दुकान से 5 ई सिगरेट बरामद हुई। कार्यवाही की जानकारी मिलते ही बाजार में हड़कंप मच गया।
इलेक्ट्रॉनिक सिगरेट पर प्रतिबंध क्यों है?
भारत सरकार ने 5 दिसंबर 2019 को जन स्वास्थ्य के हित में और लोगों को इससे होने वाले नुकसान से बचाने के लिए इलेक्ट्रॉनिक सिगरेट के उत्पादन, निर्माण, आयात, निर्यात, परिवहन, बिक्री, वितरण, भंडारण और विज्ञापन पर रोक लगाने वाला अधिनियम पारित किया। ई-सिगरेट पारंपरिक ज्वलनशील सिगरेट का आधुनिक रूप हैं।
इलेक्ट्रॉनिक सिगरेट के नुकसान हैं?
ई-सिगरेट के धुएं में निकोटीन होता है, जो सामान्य सिगरेट की तरह ही एक नशीला पदार्थ है। निकोटीन शरीर के विभिन्न हिस्सों में रक्त संचार को प्रभावित करता है, जिससे यह कम हो जाता है। ई-सिगरेट में अन्य विषैले पदार्थ भी होते हैं जो शरीर के लिए हानिकारक होते हैं, जिससे खांसी, फेफड़ों में जलन और अस्थमा का खतरा बढ़ जाता है