रफ़्तार का कहर, ओवरब्रिज की रेलिंग से 30 मिनट तक लटकी रही MBBS छात्र की सांसें; अस्पताल में मौत, दोस्त डॉक्टर से बोला- जिंदा कर दीजिए
गोरखपुर (शशि जायसवाल) उत्तर प्रदेश के गोरखपुर जिले में एक भीषण सड़क हादसे ने मेडिकल जगत और शहर को झकझोर कर रख दिया है। मोहद्दीपुर-कौआबाग ओवरब्रिज पर एक बेकाबू फॉर्च्यूनर ने स्कूटी सवार MBBS छात्र को ऐसी टक्कर मारी कि युवक हवा में उछलकर पुल की रेलिंग में फंस गया। तमाशबीनों की भीड़ जुटी रही, लेकिन समय पर मदद न मिलने के कारण छात्र ने अस्पताल पहुंचने से पहले दम तोड़ दिया।
होली की खुशियां मातम में बदलीं
संतकबीरनगर निवासी 22 वर्षीय आकाश पांडेय, बीआरडी मेडिकल कॉलेज में MBBS तृतीय वर्ष का छात्र था। बुधवार रात करीब 10 बजे वह अपने दोस्त अनूप के घर से खाना खाकर वापस हॉस्टल लौट रहा था। तभी ओवरब्रिज पर तेज रफ्तार फॉर्च्यूनर ने उसे पीछे से जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भयानक थी कि आकाश अपनी स्कूटी से करीब 15 मीटर दूर उछला और ओवरब्रिज की रेलिंग के बीच औंधे मुंह फंस गया।
30 मिनट तक तमाशबीन बने रहे लोग
हादसे के बाद घटनास्थल पर लोगों की भारी भीड़ जमा हो गई। चश्मदीदों के मुताबिक, आकाश करीब आधे घंटे तक लहूलुहान हालत में रेलिंग से लटका रहा। विडंबना यह रही कि वहां मौजूद भीड़ वीडियो बनाती रही या देखती रही, लेकिन किसी ने उसे नीचे उतारकर अस्पताल ले जाने की हिम्मत नहीं दिखाई। अंततः एक राहगीर की सूचना पर पहुंची पुलिस ने उसे नीचे उतारा और जिला अस्पताल पहुंचाया।
अस्पताल में भावुक दृश्य और सहपाठियों का गुस्सा
जिला अस्पताल में डॉक्टरों ने आकाश को मृत घोषित कर दिया। जब उसके दोस्त अनूप को हादसे की खबर मिली, तो वह बदहवास होकर अस्पताल पहुंचा। अपने दोस्त के शव को देख वह फूट-फूटकर रोने लगा और डॉक्टरों से उसे वापस जिंदा करने की गुहार लगाने लगा। इस घटना से गुस्साए मेडिकल कॉलेज के छात्रों ने अस्पताल परिसर में हंगामा भी किया।
साथी डॉक्टरों ने अस्पताल में हंगामा किया
एंबुलेंस से उसे मेडिकल कॉलेज ले जाया गया, लेकिन वहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। छात्र की मौत की सूचना मिलते ही साथी डॉक्टर अस्पताल पहुंचे और हंगामा करने लगे। अफसरों ने कार्रवाई का आश्वासन देकर डॉक्टरों को शांत कराया।
दोस्त फूट-फूटकर रोया
आकाश पांडेय की मौत की जानकारी मिलते ही उसका दोस्त अनूप मौके पर पहुंचा। अनूप फूट-फूटकर रोने लगा। वह बोला-अभी तो यह मेरे घर से खाना खाकर निकला था। डॉक्टर साहब, प्लीज आप तो डॉक्टर हैं, मेरे दोस्त को जिंदा कर दीजिए। वहां मौजूद दूसरे लोगों ने उसे दिलासा देकर संभाला।
पुलिस की कार्रवाई: एक घंटे में पकड़ा गया आरोपी
हादसे को अंजाम देने के बाद फॉर्च्यूनर चालक, जो कि एक प्रॉपर्टी डीलर गोल्डेन साहनी बताया जा रहा है, मौके से फरार हो गया था। हालांकि, पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए वायरलेस के जरिए जिले भर में नाकेबंदी की और महज एक घंटे के भीतर आरोपी को ट्रेस कर उसे गिरफ्तार कर लिया।