स्वच्छता को हर हाल में धरातल पर लागू करेंगे, प्रदेश को स्वच्छ, सुंदर और हरा भरा बनाएंगे : के के गुप्ता
खैरथल (हीरालाल भूरानी) स्वच्छ भारत मिशन (शहरी) के राज्य ब्रांड एम्बेसडर के. के. गुप्ता ने मंगलवार को जिले के सभी नगर निकायों एवं सम्बन्धित विभागों के अधिकारियों के साथ जिला सचिवालय सभागार में बैठक ली।
बैठक में गुप्ता ने कहा कि 2 अक्टूबर 2014 को प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने देश में स्वच्छता की हुंकार भरी थी। उन्होंने कहा कि स्वच्छता अब जनआंदोलन का रूप ले चुकी है, हर व्यक्ति-हर वर्ग ने स्वच्छता की ताकत को पहचाना है। उन्होने कहा कि राज्य के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा प्रदेश में स्वच्छता के सम्बन्ध में पूर्ण गंभीरता से कार्य करते हुए प्रदेश को अग्रिम पंक्ति में लाने का प्रयास कर रहे हैं और इसके सम्बन्ध में नियमित रूप से मॉनिटरिंग की जा रही है। उन्होंने कहा कि स्वच्छता से न केवल व्यक्ति स्वस्थ रहता है बल्कि उसकी उम्र भी बढती है। किसी भी क्षेत्र के विकसित और समृद्ध होने के साथ साथ स्वच्छ होना भी बेहद आवश्यक है।
गुप्ता ने कहा कि स्वच्छ भारत मिशन शहर और ग्रामीण में राजस्थान प्रदेश को उत्कृष्ट स्थान पर देखने के लिए प्रदेश के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा भी दृढ़ संकल्पित है। मुख्यमंत्री के स्पष्ट निर्देश है कि स्वच्छता के कार्यों के साथ किसी भी प्रकार का समझौता नहीं किया जाएगा और लापरवाही करने वाले अधिकारियों के विरुद्ध भी त्वरित कार्रवाई की जाएगी। मुख्यमंत्री द्वारा स्वयं निगरानी रखी जा रही है वहीं विभाग के उच्च स्तर तक भी मॉनिटरिंग रखते हुए प्रत्येक छोटे-बड़े निकाय के आधिकारिक व्हाट्सएप ग्रुप में जुड़े हुए हैं, इनके द्वारा प्रतिदिन कार्यों की समीक्षा की जा रही है।
स्वच्छता पर दी जाएगी रैंकिंग
सभी निकायों को स्वच्छता पर चल रहे कार्यो के आधार पर चार भागो में बाँटा गया है। ए केटेगरी के निकायो में अभी स्वच्छता के प्रति श्रेष्ठ कार्य चल रहा है। बी केटेगरी के निकायो में स्वच्छता के प्रति संतोषजनक कार्य किये जा रहे है। सी केटेगरी के निकायो में स्वच्छता के कार्यो के प्रति गंभीरता नहीं है सुधार के लिए चेतावनी दी जानी आवश्यक है। डी केटेगरी के निकायों में सख़्त कारवाई की आवश्यकता है।
स्वच्छता के मुख्य सूत्र
डोर टू डोर कचरा संग्रहण-नियमित समय बद्ध रूप से गीला एवं सूखा अलग-अलग प्रातः 10 बजे से पहले कचरा संग्रहण तथा एक गाड़ी से 400 घरों तक का कचरा संग्रहण कार्य किया जाए। प्लास्टिक की थैलियों का उपयोग रोकते हुए नियमित रोकथाम की कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
सामुदायिक शौचालय एवं मूत्रालय की सफाई-सामुदायिक शौचालय एवं मूत्रालयों की सफाई दिन में तीन बार होनी चाहिए। रंग रोंगन तथा पानी की व्यवस्था सुचारू होनी चाहिए। रात्रिकालीन सफाई-कॉमर्शियल क्षेत्र में रात्रिकालीन सफाई नियमित होनी चाहिए। एक व्यक्ति को 400 मीटर से ज्यादा की सफाई नहीं दी जावे। रेडियम की जैकेट कर्मचारी पहने हुए होने चाहिए।
खाली प्लॉट आदि की सफाई-अखबार में विज्ञप्ति के माध्यम से सभी खाली प्लॉट को साफ करने हेतु सूचना जारी करे तथा 3 दिन में सफाई न करने पर निकाय अपने स्तर पर सफाई करवाए तथा 10 गुणा तक जुर्माना वसूल करे। अन्यथा प्लाट को सीज करने तक की कार्यवाही करे। बाग बगीचों की सफाई-बगीचों में सफाई व्यवस्था, बच्चों के झूले, रंग रोंगन, सुचारू फव्वारे , अच्छी घास एवं पेड़ हो एवं मरम्मत कार्य व्यवस्थित हो।
इसके अतिरिक्त उन्होंने अन्य महत्वपूर्ण निर्देश भी दिए। डिवाइडर्स पर रंग रोंगन तथा बीच में अच्छे पेड़ हो। इलेक्ट्रीक पोल पर लाईट बन्द न हो। सड़के एवं नालियां टूटी-फूटी नहीं हो। फव्वारे सभी शुरू रहे। दुकानदारों के यहां कचरा पात्र हो। टूरिस्ट पोईंट्स पर विशेष सफाई व्यवस्था हो। अवैध मीट मांस की दूकाने संचालित न हो।
झील एवं तालाबों में सीवरेज तथा गंदा पानी नहीं जाना चाहिए तथा गंदगी मुक्त हो। सीवरेज के कार्य के अन्तर्गत सड़क मेंटनेस का कार्य तथा शिकायत का तुरन्त निस्तारण हो। सड़को एवं खुले में कचरा डालने वालो पर आवश्यक दंडात्मक कार्रवाई की जावे।
उन्होंने इस दौरान जिले के विभिन्न नगरीय निकायों के अधिकारियों के साथ संवाद भी किया साथ ही उन्होंने विभिन्न कार्यों के सम्बन्ध में आवश्यक दिशा निर्देश दिये।
बैठक के दौरान अधीक्षण अभियंता सार्वजनिक निर्माण विभाग ओमप्रकाश किराड, नगर परिषद आयुक्त खैरथल मुकेश शर्मा, नगर परिषद आयुक्त भिवाड़ी मुकेश कुमार, नगर परिषद आयुक्त तिजारा मनीषा यादव, नगर पालिका अधिशासी अधिकारी एवं तहसीलदार शैतान सिंह यादव सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।


