भरतपुर,(कौशलेन्द्र दत्तात्रेय) हरियालो राजस्थान अभियान के तहत रविवार को हरियाली तीज के अवसर पर जिले भर में राजकीय विभागों, विभिन्न संस्थाओं, जनप्रतिनिधियों ने जिलेभर में बडी संख्या में पौधारोपण कर भागीदारी निभाई। जिला स्तरीय मुख्य आयोजन बयाना उपखण्ड के झील का बाडा स्थित लवकुश वाटिका में जल संसाधन एवं जिला प्रभारी मंत्री सुरेश सिंह रावत के मुख्य आतिथ्य में आयोजित किया गया। जिसमें एक साथ 7 हजार पौधे लगाये गये। अभियान के तहत जिले में एक दिवस में 6 लाख पौधे लगाने का रिकॉर्ड बनाया गया।
झील का बाडा में आयोजित समारोह को संबोधित करते हुये जिला प्रभारी मंत्री ने कहा कि हरियालो राजस्थान अभियान को धरातल पर साकार करने के लिये प्रत्येक नागरिक को स्वप्रेरित होकर अधिक से अधिक पेड लगाने होंगे। उन्होंने कहा कि श्रावण मास में हरियाली तीज का विशेष महत्व है इस दिवस पेड लगाने का धार्मिक संदेश भी है। उन्होंने कहा कि पेड पर्यावरण के संरक्षण में महति भूमिका निभाते हैं, नागरिक को पेड जीवनभर ऑक्सीजन, ईंधन के लिये लकडी एवं फल देते हैं। सभी धर्मों में पेडों को लगाने का उल्लेख धार्मिक गं्रथों में किया गया है। उन्होंने कहा कि सरकार द्वारा वंदे गंगा जल संरक्षण जन अभियान के समय से ही हरियालो राजस्थान की तैयारी की जा रही है। राजस्थान हरा-भरा होगा तो वर्षा भी अधिक होगी, जल संरक्षण व भू-संरक्षण भी होगा।
मुख्यमंत्री का आभार व्यक्त करते हुये जिला प्रभारी मंत्री ने कहा कि हरियालो राजस्थान के सुखद परिणाम आने वाले समय में मिलेंगे जब प्रदेश में चारागाह, सडकों के किनारे जल स्रोतों के चारों ओर हरितमा पट्टी विकसित होगी। उन्होंने कहा कि प्रदेश में इस बार अच्छी वर्षा हो रही है इससे पौधों को नियमित पानी मिलने के साथ जल संरक्षण का सपना भी पूरा होगा। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार द्वारा ईआरसीपी द्वितीय चरण के टैंडर जारी कर दिये गये हैं, शीघ्र्र ही पूर्वी राजस्थान के जिलों में चम्बल का पानी उपलब्ध हो सकेगा। उन्होंने उपस्थित जन समूह को अधिकाधिक पौधे लगाकर उनकी देखभाल करने तथा अन्य लोगों को भी पौधारोपण के लिये प्रेरित करने का आव्हान किया।
विधायक वैर बहादुर सिंह कोली ने कहा कि घर का प्रत्येक व्यक्ति पेड लगाकर उसकी नियमित देखभाल करे इस पर सरकार अनुदान या पुरूस्कार स्वरूप राशि देने की योजना बनाऐ तो निश्चित रूप से प्रत्येक व्यक्ति अभियान का भागीदार होगा। उन्होंने पीलू, बेरिया, खजूर, आम जैसे परम्परागत पौधे अधिकाधिक लगाने का आव्हान किया। विधायक बयाना ऋतु बनावत ने कहा कि एक पेड मां के नाम अभियान में सभी नागरिक सक्रियता से जुडें, यह अभियान पर्यावरण संरक्षण के लिये महत्वपूर्ण है। उन्होंने सडकों के किनारे एवं जलस्रोतों के पास पौधे लगाने का आव्हान किया।
जिला कलक्टर कमर चौधरी ने कहा कि हरियालो राजस्थान अभियान आने वाले समय में जिले में जन-जन का अभियान बनेगा इसमें सभी नागरिक अपने घरों, खेतों पर पेड लगाकर देखभाल करें। उन्होंने बताया कि जिले का लक्ष्य 15 लाख पौधे लगाने का है जिसमें से 11 लाख पौधे अभी तक लगाये जा चुके हैं। क्षेत्रीय वन अधिकारी पी. कथेरवैल ने कहा कि राजस्थान में वन क्षेत्र अभी कम है इसे बढाने के लिये सभी को समन्यवित प्रयास करने होंगे। उन्होंने कहा कि एक पौधा प्रतिदिन 125 किलो ऑक्सीजन देता है जो एक परिवार के लिये पर्याप्त है। ऐसे में पौधों का महत्व देखते हुये सभी को अभियान में भागीदारी निभानी होगी। उन्होंने बताया कि सरकार ने 5 साल में 10 करोड पौधे लगाने का लक्ष्य रखा है जिसे पूरा करने के लिये वन विभाग ने तैयारी शुरू कर दी है इसमें जनप्रतिनिधियों, सभी विभागों, सामाजिक नागरिक संगठनों व आमजन को भी सहयोगी की भूमिका में आना होगा।
इस अवसर पर परिवहन आयुक्त एवं जिला प्रभारी सचिव शुचि त्यागी, संभागीय आयुक्त डॉ. टीना सोनी, जिला पुलिस अधीक्षक दिगंत आन्नद, आयुक्त बीडीए कनिष्क कटारिया, मुख्य कार्यकारी अधिकारी जिला परिषद मृदुल सिंह, उपखण्ड अधिकारी बयाना दीपक मित्तल सहित विभिन्न विभागों के जिला स्तरीय अधिकारी, जनप्रतिनिधिगण, सामाजिक नागरिक संगठन, स्काउट, एनसीसी के विद्यार्थी एवं बडी संख्या में महिला-पुरूषों ने भागीदारी निभाकर एक साथ पौधारोपण किया।