ग्रामीण सेवा शिविरों से मिल रही है राहत
उदयपुरवाटी (सुमेर सिंह राव)
सेवा पर्व पखवाड़ा के तहत ग्रामीण सेवा शिविरों को आयोजन एक साथ दो पंचायतों में संपादित किया जा रहा हैं साथ ही शहरी सेवा शिविर भी दो वार्ड मिलाकर एक जगह एक साथ संपादित करने की योजना बनाई है,आयोजित शिविर आमजन की उम्मीदों को हकीकत में बदलने का जरिया बना है ।राज्य सरकार की यह महत्वपूर्ण योजना जनता के लिए 17 सितंबर से शुरू होकर आज तलक जारी है, जिसमें विभिन्न महत्व के काम होंगे और और आमजन के लिए राहत मिलेगी ऐसी उम्मीद इन शिविरों से लगाई जा रही है।राज्य सरकार के यह शिविर योजनाओं की जानकारी ही नहीं देते बल्कि जनता को घर बैठे लाभ भी देने वाले सिद्ध हो रहे है। शिविर के दौरान ही ग्राम/ वार्ड में चिकित्सा कैंप भी लगाए जा रहें है। शिविरो में लगाए गए आयुर्वेद के शिविरों से सैकड़ों मरीजों को लाभ मिला है।
जानकारी देते हुए ब्लॉक नोडल आयुर्वेद अधिकारी डॉ राजेंद्र कुमावत ने बताया कि आयुर्वेद चिकित्सा पद्धति प्राकृतिक, सुरक्षित और सुलभ है,जो ग्रामीण क्षेत्रों के लिए अत्यंत उपयोगी है इसलिए शिविरों के माध्यम से ग्रामीण जनता को आयुर्वेद के प्रति जागरूक करना तो है ही साथ ही उन्हें लाक्षणिक चिकित्सा भी मौके पर ही सुलभ कराना है।इन शिविरो में परामर्श, चिकित्सा व काढ़ा वितरण किया जा रहा है।इसके साथ ही जीवन शैली, आहार विहार और घरेलू नुस्खों की जानकारी भी अनुभवी चिकित्सकों द्वारा दी जाती है।इसके अतिरिक्त धमोरा व सिंगनोर कैंप में डॉ दीपक बगड़िया द्वारा आयुर्वेद विधि से पेन मैनेजमेंट के लिए अग्निकर्म से दर्द का निवारण का काम व विद्यकर्म / मर्म थैरेपी से इलाज भी किया गया।शिविरों में चिकित्सा के साथ- साथ आयुर्वेद औषधि से बना काढ़ा भी सैकड़ों लोगों ने बड़े चाव से पिया है।नर्स कंपाउंडर इस सेवा कार्य को बेखूबी से कर अपनी सेवाएं दे रहे हैं।अब तक हुए 16 ग्रामीण शिविरों में व 3 शहरी सेवा शिविरों में बड़ी संख्या में ग्रामीण जन आयुर्वेद काउंटर पर दवा लेते नजर आए और मौसमी रोगों से बचाव हेतु आयुर्वेदिक सुझाव भी लिए।