भाजपा SIR के नाम पर कर रही गरीबों के नाम काटने का षड्यंत्र, निकाय-पंचायत चुनाव से ध्यान भटकाने का प्रयास - नेता प्रतिपक्ष जूली
अलवर (राजस्थान)। नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली ने आरोप लगाया कि भाजपा एसआईआर के नाम पर गरीब लोगों के नाम कटवाने का षड्यंत्र कर रही है।
प्रदेश में विधानसभा चुनाव अभी तीन साल दूर है, ऐसे में सरकार प्रथम चरण के बजाय राजस्थान में दूसरे चरण में एसआईआर करा सकती थी। उन्होंने आरोप लगाया कि एसआईआर के नाम पर सरकार प्रदेश में नगर निकायों एवं ग्राम पंचायतों के चुनाव से लोगों का ध्यान भटकाना चाह रही है। जूली मंगलवार को अलवर स्थित मोती डूंगरी कार्यालय पर पत्रकारों से बात कर रहे थे।
जूली ने कहा कि प्रदेश में 4 नवंबर यानी आज से एसआईआर की प्रक्रिया शुरू हो गई। उन्होंने कहा कि राजस्थान में सरकार नगर निकाय एवं पंचायतों के चुनाव समय पर करा नहीं पा रही है।
पिछले लंबे समय से इन चुनावों को किसी न किसी बहाने टालने का काम किया जा रहा है। असल बात यह है कि सरकार की निकाय व पंचायत कराने की कोई तैयारी ही नहीं है। सरकार एसआईआर के नाम पर छह महीने और इन चुनावों को टालना का प्रयास कर रही है।
उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार प्रदेश में बिना किसी तैयारी के एसआईआर कराना चाह रही है। बीएलओ की अचानक मीटिंग बुलाई जा रही है, बीएलए को अचानक सूचना दी जा रही है।एसआईआर की तैयारी के नाम पर लोगों की शादी-ब्याह की व्यस्तता का भी ध्यान नहीं रखा जा रहा है। सरकार केवल पंचायत व निकाय चुनावों से ध्यान भटकाने के लिए एसआईआर करा रही है।
जूली ने आरोप लगाया कि राजस्थान में एसआईआर के नाम पर गरीब लोगों के वोट काटने की तैयारी है।
उन्होंने कहा कि सरकार का एसआईआर कराने का तरीका सही नहीं है।राजस्थान में दूसरे में फेज में एसआईआर कराया जा सकता है, इससे प्रदेश में कोई फर्क नहीं पड़ने वाला था,अभी तो चुनाव आयोग प्रथम चरण में 12 राज्यों में एसआईआर करा रहा है।देश में एसआईआर का दूसरा चरण भी होना है,ऐसे में जल्दबाजी की जरूरत नहीं थी।