हिन्दू समाज जाति पाती का भेद मिटा कर एक जाजम पर बैठे :- दयाल सोलंकी समाजसेवी
महुवा (अवधेश अवस्थी) महुवा उपखंड मुख्यालय के प्राचीन किले वाली देवी के मंदिर पर बुधवार को राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के शताब्दी वर्ष के उपलक्ष्य में सुभाष बस्ती महुवा शहर की ओर से विराट हिन्दू सम्मेलन के उपलक्ष में विशाल कलश यात्रा व हिंदू सम्मेलन कार्यक्रम आयोजित किया गया
कार्यक्रम के दौरान महिलाओं बालिकाओं द्वारा भव्य विशाल कलश यात्रा निकाली गई जिसमें माता बहने नाचते गाते सिर पर कलश रख कर कलश यात्रा प्राचीन किले वाली देवी मंदिर से प्रारंभ होकर से श्री कृष्ण गोपाल गौशाला, आदर्श विद्या मंदिर, तहसील रोड, गुर्जर मोहल्ला, पाराशर मोहल्ला, चौकीदार मोहल्ला, जोगी मोहल्ला, पाराशर कॉलोनी, चौकीदार कटला प्रधान जी का कटला व मुख्य बाजार गणेश चौक सर्राफा बाजार पुराना जैन मंदिर से निकलकर प्राचीन किले वाली देवी मंदिर पर पहुंची इस दौरान कलश यात्रा का महुवा के अनेक सामाजिक संगठनों ने जगह-जगह पुष्प वर्षा व जलपान कराकर स्वागत सत्कार किया गया इसके बाद कलश यात्रा प्राचीन किले वाली देवी मां मंदिर के परिसर पर पहुंची
इस दौरान संतो के सानिध्य में विशाल विचार गोष्ठी के साथ विशाल हिन्दू सम्मेलन आयोजित किया गया जिसमें समाजसेवी दयाल सोलंकी सहित साधु संतों के आशीर्वाद वचन से पूर्व झंडा पूजन के साथ कार्यक्रम हुआ जिसमें समाजसेवी दयाल सोलंकी अखिल भारतीय श्री पंच दिगम्बर अखाड़ा के संत श्री हरिदास जी महाराज व दिगम्बर अखाड़ा के सभापति श्री बालकदास जी महाराज जी, धर्मेश्वर दास जी महाराज रसीदपुर, का आशीर्वादवचन के साथ सानिध्य प्राप्त हुआ
कार्यक्रम के मुख्य वक्ता समाजसेवी दयाल सोलंकी ने कहा कि हिन्दू समाज को जाती का भेद मिटाकर एक जाजम पर बैठना होगा जिस हिंदू समाज का सर्वांगीण विकास हो सके हिंदुओं को संघठित होकर अपनी शक्ति की पहचान करानी होगी पूज्य संतो ने हिंदू समाज मे व्याप्त कुरूतियो को दूर करने पर व समाज मे चरित्रवान लोगो का निर्माण हो इसके लिए साथ समाज को एकता का संदेश देते हुए अपनी हिंदू संस्कृति को अपने जीवन में अपनाने की बात पर बल दिया गया ।।
इस अवसर पर नरेंद्र गौड, सियाराम गुर्जर गोपुत्र अवधेश कुमार अवस्थी, कैप्टन रतन सिंह गुर्जर, जगदीश सिंह जादौन, गोविंद, सतीश सेन, दिनेश गुर्जर, गौरव सोनी, खेमचंद किवाड़िया, राजेश गुर्जर, अनिल शर्मा, विजेंदर मास्टर बलवीर सिंह गुर्जर भरोसी सिंह गुर्जर , अनिल गुर्जर, शिवराम गुर्जर, के साथ सेकड़ो माता बहनों के साथ गणमान्य नागरिक मौजूद रहे