कामधेनु सेना के सैनिकों ने भामाशाहों को जोङकर गौशाला के विकास में किया पांच लाख का सहयोग
भीलवाड़ा (राजकुमार गोयल) धोरीमन्ना गौशालाओं में भामाशाहों का सहयोग एक महत्वपूर्ण योगदान है जो गौशाला के विकास और गायों की देखभाल में मदद करता है।कामधेनु सेना, जो कि एक गौ रक्षा संगठन है, इस दिशा में सक्रिय भूमिका निभा रही है।
कामधेनु सेना के सैनिक भामाशाहों से संपर्क करते हैं और उन्हें गौशालाओं में सहयोग करने के लिए प्रेरित करते हैं। कामधेनु सेना के सैनिक श्रीराम ढाका व स्टेट अवार्डी शिक्षक जगदीश प्रसाद विश्नोई ने सूरत में व्यवसायी दयाराम गोदारा बिश्नोई इम्पैक्स को साथ लेकर श्री गौमाता गौशाला गडरा धोरीमन्ना की कमजोर आर्थिक स्थिति को देखते हुए गुजरात व महाराष्ट्र में व्यवसाय करने वाले गौभक्तों से दान इकट्ठा कर संस्थान को पांच लाख रुपए का सहयोग कराया जिससे गौवंशों के लिए चारे की व्यवस्था में सहयोग मिला।
कामधेनु सेना के जिलाध्यक्ष जगदीश प्रसाद विश्नोई ने बताया कि कामधेनु सेना गौशालाओं को विकसित करने के लिए भामाशाहों के साथ मिलकर काम करती है। वे गौशालाओं में आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराने और गौवंश के स्वास्थ्य का ध्यान रखने में मदद करते रहती है।कामधेनु सेना ग्राम स्तर तक संगठन को मजबूत करने और गौशालाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने के लिए काम कर रही है। इसी कार्य को आगे बढ़ाते हुए कामधेनु सेना के राष्ट्रीय मीडिया प्रभारी श्रीराम ढाका के साथ मिलकर हमने श्री गौमाता गौशाला गडरा को पांच लाख का सहयोग दिया और आगे भी आवश्यकता अनुसार सहयोग करते रहेंगे।

