डीएम ने सुनीं जनता की समस्याएं; बोले- 'गैस और ईंधन की कोई कमी नहीं, कालाबाजारी करने वालों पर होगी जेल'
गोरखपुर (शशि जायसवाल) जिलाधिकारी दीपक मीणा ने मंगलवार को कलेक्ट्रेट स्थित अपने कार्यालय में फरियादियों से मुलाकात कर उनकी समस्याओं को सुना। जनसुनवाई के दौरान डीएम ने कड़ा रुख अपनाते हुए अधिकारियों को निर्देशित किया कि जनता की शिकायतों का निस्तारण केवल कागजों पर नहीं, बल्कि धरातल पर त्वरित और प्रभावी रूप से होना चाहिए।
ईंधन की उपलब्धता पर डीएम का स्पष्ट संदेश
पिछले कुछ दिनों से घरेलू गैस और पेट्रोल-डीजल की उपलब्धता को लेकर चल रही चर्चाओं पर विराम लगाते हुए जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया कि जनपद में ईंधन का पर्याप्त भंडार है। उन्होंने सख्त रूप मे कहा यदि कोई गैस एजेंसी उपभोक्ताओं को परेशान करती है या सिलेंडरों की कालाबाजारी करती पाई गई, तो उसके खिलाफ कठोर विधिक कार्रवाई की जाएगी।
नोडल अधिकारियों की तैनाती: वितरण व्यवस्था को पारदर्शी बनाने के लिए डीएम ने एडीएम सिटी को सभी गैस एजेंसियों पर नोडल अधिकारी नियुक्त करने के निर्देश दिए हैं। ये अधिकारी स्टॉक और वितरण की सीधे निगरानी करेंगे।
अफवाह फैलाने वालों पर रहेगी नजर
जिलाधिकारी ने आम जनता से अपील की है कि वे सोशल मीडिया या अन्य माध्यमों से फैलने वाली किसी भी प्रकार की भ्रामक खबरों और अफवाहों पर ध्यान न दें। उन्होंने चेतावनी दी कि अफवाह फैलाकर शांति व्यवस्था बिगाड़ने वालों के विरुद्ध प्रशासन सख्त रुख अपनाएगा।
तकनीकी खामियां हुईं दूर
त्योहारी सीजन के बाद गैस बुकिंग मैसेज मिलने में हो रही देरी पर डीएम ने बताया कि तकनीकी कारणों से कुछ उपभोक्ताओं को असुविधा हुई थी। अब इन समस्याओं को दुरुस्त कर लिया गया है और आपूर्ति श्रृंखला पूरी तरह सामान्य है।
"प्रशासन की प्राथमिकता आम जनता को मूलभूत सुविधाएं बिना किसी बाधा के उपलब्ध कराना है। किसी भी स्तर पर लापरवाही मिलने पर संबंधित अधिकारी या एजेंसी की जवाबदेही तय की जाएगी।"— दीपक मीणा, जिलाधिकारी